सुप्रीम कोर्ट का नया आदेश: पब्लिक वाहनों में अनिवार्य किया पैनिक बटन और ट्रैकिंग डिवाइस
SC का सख्त निर्देश: पब्लिक वाहनों पर अनिवार्य हुआ पैनिक बटन, जानिए आखिर क्या होता है ये और कैसे काम करता है
Amar Ujala
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सुप्रीम कोर्ट ने पब्लिक वाहनों जैसे टैक्सी और बसों में पैनिक बटन और व्हीकल ट्रैकिंग डिवाइस लगाना अनिवार्य किया है। यह कदम यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए उठाया गया है, खासकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए।
- 01सुप्रीम कोर्ट ने पब्लिक वाहनों में पैनिक बटन और ट्रैकिंग डिवाइस अनिवार्य किया।
- 02पैनिक बटन आपातकालीन स्थिति में मदद के लिए उपयोग किया जाएगा।
- 03व्हीकल ट्रैकिंग डिवाइस से वाहन की लाइव लोकेशन ट्रैक की जाएगी।
- 04यह कदम सड़क सुरक्षा में सुधार और अपराधों को रोकने में मदद कर सकता है।
- 05विशेषज्ञों का मानना है कि इससे यात्रियों की सुरक्षा में वृद्धि होगी।
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सुप्रीम कोर्ट ने सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है, जिसमें पब्लिक वाहनों जैसे टैक्सी और बसों में पैनिक बटन और व्हीकल ट्रैकिंग डिवाइस (VTD) को अनिवार्य किया गया है। यह पैनिक बटन एक आपातकालीन सुरक्षा फीचर है, जिसे खतरे की स्थिति में दबाया जा सकता है। बटन दबाने पर वाहन की GPS लोकेशन तुरंत कंट्रोल रूम और पुलिस को भेजी जाएगी। पैनिक बटन आमतौर पर वाहन के सीट के पास या दरवाजे के आसपास लगाया जाता है। इसके अलावा, व्हीकल ट्रैकिंग डिवाइस वाहन की लाइव लोकेशन को लगातार मॉनिटर करता है, जिससे आपातकालीन सेवाएं तेजी से पहुंच सकती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा में सुधार हो सकता है, साथ ही सड़क हादसों और मेडिकल इमरजेंसी के दौरान भी मदद जल्दी पहुंचाई जा सकेगी।
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इस आदेश से पब्लिक वाहनों में सुरक्षा बढ़ेगी, जिससे यात्रियों को सुरक्षित यात्रा का अनुभव मिलेगा।
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