पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट ने बुजुर्ग मां के लिए भरण पोषण भत्ता का आदेश दिया
बेटों के बैंक खातों से मां को अपने आप मिलेगा गुजारा भत्ता, पंजाब-हरियाणा हाई कोर्ट का बड़ा आदेश
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Image: Jagran
पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने एक बुजुर्ग विधवा मां को 30,000 रुपये मासिक भरण पोषण भत्ता देने का आदेश दिया है। यह राशि बेटों के बैंक खातों से सीधे मां के खाते में आटो डेबिट की जाएगी। कोर्ट ने फैसला सुनाया कि बेटों को अपनी मां का सहयोग करना चाहिए।
- 01पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने बुजुर्ग मां के लिए 30,000 रुपये का भरण पोषण भत्ता निर्धारित किया।
- 02भत्ता राशि बेटों के बैंक खातों से सीधे मां के खाते में आटो डेबिट की जाएगी।
- 03जिला अदालत के आदेश के बावजूद भत्ता नहीं दिया जा रहा था।
- 04बुजुर्ग मां की आर्थिक स्थिति कमजोर है, केवल सरकारी पेंशन पर निर्भर हैं।
- 05दोनों बेटे सरकारी नौकरी करते हैं और मां का सहयोग करने में सक्षम हैं।
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पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने एक बुजुर्ग विधवा मां के लिए 30,000 रुपये मासिक भरण पोषण भत्ता देने का आदेश दिया है। यह आदेश उन दो बेटों के लिए है, जिन्होंने भिवानी जिला अदालत के 13,000 रुपये के भत्ते के आदेश को चुनौती दी थी। अदालत ने स्पष्ट किया कि भत्ता राशि बेटों के बैंक खातों से प्रतिमाह आटो डेबिट की जाएगी ताकि यह सीधे बुजुर्ग मां के खाते में पहुंचे। जस्टिस नीरजा के कलसन ने मामले की सुनवाई के दौरान कहा कि मां की आर्थिक स्थिति कमजोर है और उनके पास केवल सरकारी पेंशन है, जो जीवनयापन के लिए पर्याप्त नहीं है। दोनों बेटे सरकारी नौकरी करते हैं और अदालत ने उन्हें अपनी मां का सहयोग करने का निर्देश दिया।
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इस आदेश से बुजुर्ग मां को आर्थिक सहायता मिलेगी, जिससे उनकी जीवनयापन की स्थिति में सुधार होगा।
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