भारत की अग्नि मिसाइल परीक्षण से बढ़ी दुश्मनों की चिंता
एक मिसाइल, कई निशाने... भारत की नई 'अग्नि' ने दुश्मनों की बढ़ाई टेंशन
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भारत ने ओडिशा के डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप पर एडवांस अग्नि मिसाइल का सफल परीक्षण किया, जो मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेड री-एंट्री व्हीकल (MIRV) तकनीक से लैस है। यह तकनीक दुश्मन के ठिकानों को एक साथ निशाना बनाने की क्षमता प्रदान करती है, जिससे भारत की रक्षा क्षमता में वृद्धि होगी।
- 01भारत ने एडवांस अग्नि मिसाइल का सफल परीक्षण किया है।
- 02इस मिसाइल में MIRV तकनीक है, जिससे एक ही मिसाइल से कई लक्ष्यों को निशाना बनाया जा सकता है।
- 03मिसाइल की गति लगभग 29,400 किलोमीटर प्रति घंटा है।
- 04यह परीक्षण भारत की रणनीतिक रक्षा क्षमता को मजबूत करेगा।
- 05इस परीक्षण का उद्देश्य सुरक्षा खतरों का मुकाबला करना है।
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भारत ने ओडिशा के डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप में एडवांस अग्नि मिसाइल का सफल परीक्षण किया है, जो मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेड री-एंट्री व्हीकल (MIRV) तकनीक से लैस है। इस तकनीक की मदद से एक ही मिसाइल से कई लक्ष्यों को निशाना बनाया जा सकता है, जिससे दुश्मन के लिए इसे रोकना मुश्किल हो जाता है। इस परीक्षण के दौरान, मिसाइल ने हिंद महासागर क्षेत्र में विभिन्न लक्ष्यों को सफलतापूर्वक निशाना बनाया। अग्नि मिसाइल की गति लगभग 29,400 किलोमीटर प्रति घंटा है, जो इसे अत्यधिक प्रभावी बनाती है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह तकनीक भारत की रक्षा क्षमता को और मजबूत करेगी और दुश्मन के मिसाइल डिफेंस नेटवर्क के लिए एक बड़ी चुनौती बनेगी। इस परीक्षण का उद्देश्य भारत की सुरक्षा तैयारियों को बढ़ाना और संभावित खतरों का मुकाबला करना है।
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इस परीक्षण से भारत की रक्षा क्षमता में वृद्धि होगी, जिससे नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
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