मुजफ्फरपुर में कृषि मंत्री का नाम आमंत्रण पत्र से गायब, किसानों में नाराजगी
मुजफ्फरपुरः कृषि मंत्री की गरिमा से खिलवाड़! लीची संगम कार्य के आमंत्रण पत्र में नहीं लिखा नाम

Image: Zee News
मुजफ्फरपुर में लीची संगम कार्यक्रम के आमंत्रण पत्र में कृषि मंत्री विजय सिन्हा का नाम नहीं होने से विवाद उत्पन्न हुआ है। यह लापरवाही किसानों के बीच चर्चा का विषय बन गई है। कार्यक्रम का उद्घाटन मंत्री को करना था, लेकिन प्रशासन की इस गलती ने उनकी गरिमा को ठेस पहुंचाई है।
- 01कृषि मंत्री विजय सिन्हा को लीची संगम कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था।
- 02आमंत्रण पत्र में मंत्री का नाम नहीं होने से किसानों में नाराजगी है।
- 03मंत्री का आगमन सुबह 11:00 बजे होना था, लेकिन सूचना 54 मिनट बाद दी गई।
- 04बिहार की लीची की मांग देशभर में है और हाल ही में नई पैकेजिंग तकनीक विकसित की गई है।
- 05किसानों को बिना कोल्ड चेन के अपनी फसल भेजने की सुविधा मिलेगी।
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मुजफ्फरपुर में कृषि मंत्री विजय सिन्हा की गरिमा को ठेस पहुंचाने का मामला सामने आया है, जब जिला प्रशासन द्वारा आयोजित लीची संगम कार्यक्रम के आमंत्रण पत्र में उनका नाम शामिल नहीं किया गया। इस कार्यक्रम में मंत्री को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था, लेकिन आमंत्रण पत्र में उनका कहीं भी जिक्र नहीं था। मंत्री का आगमन सुबह 11:00 बजे होना था, लेकिन प्रशासन ने 54 मिनट बाद इस बारे में सूचना दी। इस लापरवाही के कारण किसानों के बीच काफी चर्चा हो रही है। इस घटना ने मंत्री की गरिमा के साथ खिलवाड़ किया है। इसके अलावा, मुजफ्फरपुर में बिहार लीची संगम महोत्सव का आयोजन किया गया, लेकिन किसानों को इसकी सूचना नहीं दी गई। वहीं, राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र (NRCL) ने एक नई तकनीक विकसित की है, जिससे लीची सामान्य तापमान पर पांच दिनों तक ताजा रह सकेगी। यह तकनीक किसानों को महंगी एसी गाड़ियों पर निर्भर रहने से मुक्त करेगी।
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किसानों की नाराजगी और प्रशासन की लापरवाही से कृषि मंत्री की छवि पर असर पड़ सकता है।
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