राजस्थान में 600 एम्बुलेंस बंद, स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर सवाल
600 एम्बुलेंस बंद होने का आरोप, राजस्थान की स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे सवाल

Image: Globalherald
राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर सवाल उठाए हैं, आरोप लगाते हुए कहा कि 600 'जननी एक्सप्रेस' एम्बुलेंस पिछले 170 दिनों से बंद हैं, जिससे गर्भवती महिलाओं और मरीजों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
- 01टीकाराम जूली ने कहा कि 600 एम्बुलेंस बंद होने से रोजाना 1700 मरीज प्रभावित हो रहे हैं।
- 02राजस्थान ने 'राइट टू हेल्थ' कानून लागू किया था, लेकिन वर्तमान में स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं।
- 03जूली ने कोटा में घटिया दवाओं की सप्लाई और प्रसूताओं की मौतों पर गंभीर सवाल उठाए।
- 04राज्य सरकार से एम्बुलेंस सेवाओं को तुरंत बहाल करने की मांग की गई है।
- 05जूली ने कहा कि सरकार की प्राथमिकताएं आम जनता की सेहत से दूर हैं।
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राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 170 दिनों से 600 'जननी एक्सप्रेस' एम्बुलेंस बंद हैं, जिससे गर्भवती महिलाओं और मरीजों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जूली ने कहा कि इस स्थिति के कारण रोजाना लगभग 1700 मरीज प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने राजस्थान सरकार की स्वास्थ्य सेवाओं को 'वेंटिलेटर पर' बताते हुए कहा कि सरकार केवल प्रचार में व्यस्त है। जूली ने कोटा में घटिया दवाओं की सप्लाई और हाल ही में हुई प्रसूताओं की मौतों का मुद्दा उठाया। उन्होंने मांग की कि राज्य सरकार इस अव्यवस्था को सुधारें और एम्बुलेंस सेवाओं को तुरंत बहाल करें, ताकि जरूरतमंद मरीजों को राहत मिल सके।
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राजस्थान की स्वास्थ्य सेवाओं में अव्यवस्था के कारण गर्भवती महिलाओं और अन्य मरीजों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
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