पाकिस्तान सेना की बलूचिस्तान में हत्या की घटनाओं की निंदा
फिर बलूचों के खून से सने पाकिस्तान सेना के हाथ, घर से उठाकर बाप-बेटे समेत 3 को मौत के घाट उतारा
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बलूचिस्तान में पाकिस्तान सेना द्वारा तीन बलूच लोगों की हत्या की घटनाओं की बलूच यकजेहती कमेटी (BYC) ने निंदा की है। संगठन ने सुरक्षा बलों पर जबरन गायब करने और बिना अदालत कार्रवाई के हत्याएं करने का आरोप लगाया है। ये घटनाएं बलूच लोगों के खिलाफ चलाए जा रहे बड़े अभियान का हिस्सा हैं।
- 01पाकिस्तान सेना ने बलूचिस्तान में तीन बलूच लोगों की हत्या की है।
- 02बलूच यकजेहती कमेटी (BYC) ने इन हत्याओं की कड़ी निंदा की है।
- 03संगठन ने सुरक्षा बलों पर जबरन गायब करने और हत्याएं करने का आरोप लगाया है।
- 04BYC ने अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों से दखल देने की मांग की है।
- 05बलूचिस्तान में मानवाधिकार स्थिति बिगड़ रही है।
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बलूचिस्तान में पाकिस्तान सेना की हिंसा के मामले बढ़ते जा रहे हैं। बलूच यकजेहती कमेटी (BYC) ने हाल ही में तीन बलूच लोगों की हत्या की कड़ी निंदा की है। 2 मई को, 55 वर्षीय खुदा पीर मोहम्मद बलोच और उनके 25 वर्षीय बेटे अब्दुल्ला बलोच को फ्रंटियर कॉर्प्स (FC) के जवानों ने हिरासत में लिया, जिसके कुछ घंटों बाद उनके शव FC कैंप के पास मिले। एक अन्य घटना में, 26 वर्षीय अयाज बलोच को 30 अप्रैल को गोली मारी गई। BYC ने इन हत्याओं को राज्य समर्थित डेथ स्क्वॉड के कार्य बताया है। संगठन ने अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों से बलूचिस्तान में बिगड़ती मानवाधिकार स्थिति की जांच करने की मांग की है। BYC का कहना है कि बलूचिस्तान प्राकृतिक संसाधनों से भरपूर है, लेकिन वहां के लोग दमन और राजनीतिक उपेक्षा का सामना कर रहे हैं।
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ये घटनाएं बलूच समुदाय में असुरक्षा और दमन की भावना को बढ़ा रही हैं।
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