भारत ओमान से UAE तक बिछाएगा गहरे समुद्र की पाइपलाइन, लागत 40,000 करोड़ रुपये
होर्मुज के भरोसे क्यों? ओमान-UAE तक भारत बिछाएगा पाइपलाइन, इतना होगा खर्च
Aaj Tak
Image: Aaj Tak
भारत, खाड़ी देशों से गैस आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ओमान से संयुक्त अरब अमीरात तक एक गहरे समुद्र की पाइपलाइन बिछाने की योजना बना रहा है। इस परियोजना की अनुमानित लागत 40,000 करोड़ रुपये (लगभग 4.7-4.8 अरब डॉलर) होगी और इसे पूरा होने में 5 से 7 साल लग सकते हैं।
- 01पाइपलाइन का मार्ग भू-राजनीतिक संवेदनशील क्षेत्रों से बचते हुए ओमान और UAE से होकर गुजरेगा।
- 02यह पाइपलाइन 3,450 मीटर की गहराई में बिछाई जाएगी, जिससे यह विश्व की सबसे गहरी समुद्री पाइपलाइनों में से एक बनेगी।
- 03SAGE (South Asia Gas Enterprise) ने समुद्र तल की स्थितियों का अध्ययन करने के लिए 25 करोड़ रुपये की लागत से टेस्टिंग पाइपलाइन बिछाई है।
- 04इस पाइपलाइन से भारत को ओमान, UAE, सऊदी अरब, ईरान, तुर्कमेनिस्तान और कतर से गैस प्राप्त होगी।
- 05यह कदम तब उठाया गया है जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव बढ़ रहा है, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार प्रभावित हो रहा है।
Advertisement
In-Article Ad
भारत ने खाड़ी देशों से निर्बाध गैस आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ओमान से संयुक्त अरब अमीरात तक एक गहरे समुद्र की पाइपलाइन बिछाने की योजना को तेजी से आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। इस परियोजना की अनुमानित लागत 40,000 करोड़ रुपये (लगभग 4.7-4.8 अरब डॉलर) है और इसे पूरा होने में 5 से 7 साल लगने की उम्मीद है। यह पाइपलाइन भू-राजनीतिक संवेदनशील क्षेत्रों से बचते हुए ओमान और UAE से होकर अरब सागर में बिछाई जाएगी। पाइपलाइन की गहराई 3,450 मीटर तक होगी, जो इसे विश्व की सबसे गहरी समुद्री पाइपलाइनों में से एक बनाएगी। इस परियोजना के लिए सरकारी कंपनियों गेल, इंजीनियर्स इंडिया और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन को प्राइवेट कंसोर्टियम SAGE द्वारा किए गए अध्ययन के आधार पर रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया गया है। यह पाइपलाइन भारत को ओमान, UAE, सऊदी अरब, ईरान, तुर्कमेनिस्तान और कतर से गैस प्राप्त करने की सुविधा प्रदान करेगी, जो कि 2,500 ट्रिलियन घन फीट गैस भंडार वाला क्षेत्र है। इस परियोजना का उद्देश्य अस्थिर LNG स्पॉट बाजारों पर निर्भरता कम करना है।
Advertisement
In-Article Ad
इस पाइपलाइन के निर्माण से भारत को गैस आपूर्ति में स्थिरता मिलेगी, जिससे घरेलू ऊर्जा कीमतों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि भारत को खाड़ी देशों से गैस आपूर्ति के लिए पाइपलाइन बिछाने की योजना को आगे बढ़ाना चाहिए?
Connecting to poll...
More about Indian Oil Corporation
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।







