भारत की अर्थव्यवस्था की गति बनी रहेगी, CEA ने दी सकारात्मक खबर
'इकोनॉमी दमदार, GDP भरेगी रफ्तार', अमेरिका-ईरान टेंशन के बीच CEA ने भारतीयों का दिन बना दिया
Ndtv
Image: Ndtv
भारत के चीफ इकोनॉमिक एडवाइजर वी.अनंत नागेश्वरन ने कहा है कि देश की जीडीपी 2026 में 7% से अधिक की दर से बढ़ेगी, भले ही अमेरिका-ईरान तनाव का असर हो। विदेशी निवेशकों का भरोसा बना हुआ है, और FY26 में भारत को 90-95 अरब डॉलर का विदेशी निवेश मिलने की उम्मीद है।
- 01भारत की जीडीपी 2026 में 7% से अधिक बढ़ने की संभावना है।
- 02विदेशी निवेशकों का भरोसा भारत पर बना हुआ है।
- 03FY26 में भारत को 90-95 अरब डॉलर का विदेशी निवेश मिलने की उम्मीद है।
- 04महंगाई में थोड़ी राहत दिखाई दे रही है।
- 05कंपनियों को नए निवेश में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए।
Advertisement
In-Article Ad
भारत के चीफ इकोनॉमिक एडवाइजर वी.अनंत नागेश्वरन ने हाल ही में कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है, भले ही अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ रहा हो। उन्होंने बताया कि भारत की जीडीपी 2026 में 7% से अधिक की दर से बढ़ने की उम्मीद है। हालांकि, यदि आयात महंगा होता है और विदेशों में काम कर रहे भारतीयों से आने वाला पैसा कम होता है, तो भारत का करंट अकाउंट डेफिसिट बढ़ सकता है। फिर भी, विदेशी निवेशकों का भरोसा भारत पर बना हुआ है, और FY26 में 90 से 95 अरब डॉलर का विदेशी निवेश मिलने की संभावना है। नागेश्वरन ने महंगाई पर भी राहत के संकेत दिए हैं, यह कहते हुए कि कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स में खाने-पीने की चीजों का हिस्सा कम हो रहा है। उन्होंने कंपनियों से अपील की कि वे नए प्रोजेक्ट्स में अधिक निवेश करें, क्योंकि वर्तमान में कंपनियां अच्छा मुनाफा कमा रही हैं लेकिन नए निवेश में हिचकिचा रही हैं।
Advertisement
In-Article Ad
यदि कंपनियां नए निवेश में भाग नहीं लेती हैं, तो यह भारत की आर्थिक वृद्धि को प्रभावित कर सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि कंपनियों को नए निवेश में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।
-1777744860351.webp&w=1200&q=75)


