भारत में Apple और Tesla के शेयर खरीदने का नया तरीका
भारत में बैठकर खरीदें Apple और Tesla के शेयर! जानें कैसे काम करता है पूरा सिस्टम

Image: News 18 Hindi
भारत में अब कोई भी नागरिक अपने घर से Apple, Tesla, और अन्य वैश्विक कंपनियों के शेयर खरीद सकता है। रिजर्व बैंक का 'लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम' (LRS) निवेश को आसान बनाता है, जिसमें 2.5 लाख अमेरिकी डॉलर तक का निवेश संभव है।
- 01रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की 'लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम' (LRS) के तहत भारतीय नागरिक विदेश में निवेश कर सकते हैं।
- 02एक वित्तीय वर्ष में 2.5 लाख अमेरिकी डॉलर (लगभग 2 करोड़ रुपये) तक का निवेश किया जा सकता है।
- 03फ्रैक्शनल इन्वेस्टिंग की सुविधा से महंगे शेयरों का एक हिस्सा भी खरीदा जा सकता है।
- 04अमेरिकी शेयर बाजार में निवेश करने से रुपये की कमजोरी के बावजूद डॉलर में वैल्यू बनी रहती है।
- 05निवेश करने से पहले कंपनी की स्थिति को समझना आवश्यक है, और इंटरनेशनल म्यूचुअल फंड या ईटीएफ एक सुरक्षित विकल्प हो सकते हैं।
Advertisement
In-Article Ad
भारत में निवेश के तरीके में बदलाव आया है, जिससे अब कोई भी नागरिक अपने घर से ही Apple, Tesla, Amazon, और Microsoft जैसे वैश्विक कंपनियों के शेयर खरीद सकता है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की 'लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम' (LRS) के तहत, भारतीय नागरिक प्रति वित्तीय वर्ष 2.5 लाख अमेरिकी डॉलर (लगभग 2 करोड़ रुपये) तक का निवेश कर सकते हैं। निवेश के लिए विभिन्न भारतीय प्लेटफॉर्म और ब्रोकरेज ऐप्स अमेरिकी कंपनियों के साथ साझेदारी कर रहे हैं। निवेश प्रक्रिया में KYC, पैन कार्ड वेरिफिकेशन और बैंक अकाउंट लिंक करना शामिल है। इसके अलावा, 'फ्रैक्शनल इन्वेस्टिंग' की सुविधा से महंगे शेयरों का केवल एक हिस्सा खरीदना भी संभव है। हालांकि, अमेरिकी शेयर बाजार में निवेश करना रोमांचक है, लेकिन इसमें जोखिम भी हैं, जैसे करेंसी परिवर्तन का खर्च और टैक्स। विशेषज्ञों का कहना है कि निवेश करने से पहले कंपनी की स्थिति को समझना आवश्यक है।
Advertisement
In-Article Ad
यह प्रणाली भारतीय नागरिकों को वैश्विक कंपनियों में निवेश करने का अवसर प्रदान करती है, जिससे उनकी वित्तीय स्थिति में सुधार हो सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आप विदेशी कंपनियों के शेयरों में निवेश करने के इच्छुक हैं?
Connecting to poll...
More about रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




-1780711897788.webp&w=1200&q=75)

