तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय का भ्रष्टाचार के खिलाफ पहला बड़ा टेस्ट
भ्रष्ट्राचार के मोर्चे पर तमिलनाडु CM विजय का पहला टेस्ट, सेंथिल बालाजी पर एक्शन के लिए ED ने मांगी अनुमति
Image: Nbt Navbharattimes
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की सरकार ने पूर्व मंत्री वी. सेंथिल बालाजी के खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से अनुमति मांगी है। यह मामला 'कैश फॉर जॉब' से जुड़ा है और इसे विजय के लिए भ्रष्टाचार के मोर्चे पर पहला बड़ा परीक्षण माना जा रहा है।
- 01ईडी ने सेंथिल बालाजी के खिलाफ कार्रवाई के लिए 10 मई को मुख्यमंत्री विजय की सरकार को पत्र लिखा।
- 02बालाजी पर आरोप है कि उन्होंने 2011 से 2016 के बीच एक रिश्वत-वसूली रैकेट चलाया।
- 03ईडी ने विशेष अदालत में 12 अगस्त, 2023 को शिकायत दायर की थी, जिसमें बालाजी को आरोपी नंबर 1 बनाया गया।
- 04बालाजी ने अपने आधिकारिक निवास और स्टाफ का इस्तेमाल कर जॉब सेल प्रक्रिया पर नियंत्रण रखा।
- 05राज्यपाल ने ईडी की प्रॉसिक्यूशन सेंक्शन रिक्वेस्ट को 11 सितंबर, 2025 को मुख्य सचिव को फॉरवर्ड किया।
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चेन्नई में, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की अगुवाई वाली सरकार ने पूर्व मंत्री वी. सेंथिल बालाजी के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से कार्रवाई की अनुमति मांगी है। यह मामला 'कैश फॉर जॉब' से संबंधित है और इसे मुख्यमंत्री विजय के लिए भ्रष्टाचार के मोर्चे पर पहला बड़ा परीक्षण माना जा रहा है। ईडी ने 10 मई को राज्य सरकार को पत्र लिखा, जिसमें आरोप लगाया गया कि बालाजी ने अपने कार्यकाल के दौरान एक सिस्टमैटिक रिश्वत-वसूली रैकेट चलाया। ईडी ने 12 अगस्त, 2023 को विशेष अदालत में शिकायत दर्ज कराई, जिसमें बालाजी को आरोपी नंबर 1 बनाया गया। आरोप है कि उन्होंने अपने आधिकारिक निवास और स्टाफ का इस्तेमाल कर जॉब सेल प्रक्रिया पर नियंत्रण रखा और मेरिट को दरकिनार करते हुए नियुक्तियों के लिए निर्देश दिए। इस मामले में राज्यपाल ने ईडी की प्रॉसिक्यूशन सेंक्शन रिक्वेस्ट को 11 सितंबर, 2025 को मुख्य सचिव को भेजा, जो अक्टूबर 2025 में वापस कर दिया गया।
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यह मामला मुख्यमंत्री विजय की सरकार की भ्रष्टाचार के खिलाफ स्थिति को परखने का अवसर है।
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