उत्तराखंड मौसम अपडेट: बर्फबारी और लू का अलर्ट
Uttarakhand Weather: बद्रीनाथ में बर्फबारी, रुड़की में पारा 41 पार...उत्तराखंड के इन 5 जिलों में बारिश-बर्फबारी का अलर्ट, मैदानों में चलेगी लू

Image: News 18 Hindi
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने 23 मई को उत्तराखंड में मौसम की भविष्यवाणी की है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना है। वहीं, मैदानी इलाकों में तापमान 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे लू चलने का भी अलर्ट जारी किया गया है।
- 01उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में बर्फबारी की संभावना है।
- 02रुड़की में अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से अधिक है।
- 03देहरादून में आज न्यूनतम तापमान 27 डिग्री और अधिकतम तापमान 40 डिग्री रहने की उम्मीद है।
- 04मौसम विभाग ने जंगलों में आग लगने की संभावना को देखते हुए चेतावनी जारी की है।
- 05किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए विशेष सावधानियां बरतने की सलाह दी गई है।
Advertisement
In-Article Ad
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 23 मई को उत्तराखंड के मौसम का पूर्वानुमान जारी किया है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और 4000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना है। मैदानी इलाकों में, जैसे रुड़की में, तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो सामान्य से काफी अधिक है। मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है, जिसमें तेज हवाएं और ओलावृष्टि की आशंका जताई गई है। देहरादून में, न्यूनतम तापमान 27 डिग्री और अधिकतम 40 डिग्री रहने की उम्मीद है। अगले कुछ दिनों में तापमान में थोड़ी गिरावट आने की संभावना है, लेकिन फिर से बढ़ने की भी संभावना है। जंगलों में आग लगने के खतरे को देखते हुए प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। किसानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए नियमित सिंचाई करें और ओलावृष्टि के समय खेती का काम टाल दें।
Advertisement
In-Article Ad
तेज तापमान के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं, और जंगलों में आग लगने की संभावना बढ़ गई है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि उत्तराखंड में मौसम की स्थिति को लेकर प्रशासन को और कदम उठाने चाहिए?
Connecting to poll...
More about भारत मौसम विज्ञान विभाग
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।







