पश्चिम बंगाल के नए मुख्य सचिव मनोज अग्रवाल की शैक्षिक पृष्ठभूमि और प्रशासनिक जिम्मेदारियां
कितने पढ़े-लिखे हैं पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव मनोज अग्रवाल
Aaj Tak
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मनोज अग्रवाल को पश्चिम बंगाल का मुख्य सचिव नियुक्त किया गया है। वह 1990 बैच के IAS अधिकारी हैं और IIT कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक की डिग्री प्राप्त की है। उनके पास तीन दशकों का प्रशासनिक अनुभव है, जिसमें कई महत्वपूर्ण विभागों में कार्य करना शामिल है।
- 01मनोज अग्रवाल की नियुक्ति पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव के रूप में हुई है।
- 02वह 1990 बैच के IAS अधिकारी हैं और IIT कानपुर से स्नातक हैं।
- 03अग्रवाल ने पश्चिम बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
- 04उनका करियर तीन दशकों से अधिक का है और उन्होंने कई विभागों में काम किया है।
- 05उन्होंने विवादों में भी भाग लिया है, जैसे कि राशन कूपन वितरण में सरकारी अधिकारियों की भूमिका।
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पश्चिम बंगाल में सुवेंदु अधिकारी ने मनोज अग्रवाल को मुख्य सचिव के रूप में नियुक्त किया है। मनोज अग्रवाल का जन्म 8 जुलाई 1966 को हुआ था और वह 1990 बैच के IAS अधिकारी हैं। उन्होंने IIT कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक किया है। उनके पास तीन दशकों का प्रशासनिक अनुभव है, जिसमें उन्होंने खाद्य, वन, अग्नि और आपातकालीन सेवाओं जैसे विभागों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। उन्होंने पश्चिम बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी के रूप में भी कार्य किया और मार्च 2025 में राज्य के मुख्य चुनाव आयुक्त के रूप में नियुक्त होने की योजना है। उनके कार्यकाल के दौरान, उन्होंने बंगाल विधानसभा चुनाव में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हालांकि, उनका विवादों से भी नाता रहा है, विशेषकर जब उन्होंने कोरोना काल में राशन कूपन वितरण के कार्य को राजनीतिक प्रतिनिधियों के बजाय सरकारी अधिकारियों को सौंपा।
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मनोज अग्रवाल की नियुक्ति से पश्चिम बंगाल के प्रशासन में स्थिरता और अनुभव का लाभ मिलने की उम्मीद है।
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