मध्य प्रदेश में बच्चों की पैरासिटामोल सिरप पर लगा प्रतिबंध, स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
अजब MP में गजब फैसला; खत्म हो चुकी बच्चों की दवा पर लगा प्रतिबंध, जबलपुर में स्वास्थ्य विभाग पर उठे सवाल
Ndtv
Image: Ndtv
मध्य प्रदेश के जबलपुर में स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों के लिए दी जाने वाली पैरासिटामोल सिरप को अमानक घोषित कर दिया है, जबकि इसका पूरा स्टॉक एक साल पहले ही खत्म हो चुका था। जांच रिपोर्ट में सिरप में क्रिस्टलाइजेशन की समस्या पाई गई, जिससे गुणवत्ता नियंत्रण पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
- 01पैरासिटामोल सिरप का स्टॉक जनवरी 2025 में खत्म हुआ था।
- 02जांच रिपोर्ट में सिरप को अमानक घोषित किया गया।
- 03सिरप में क्रिस्टलाइजेशन की समस्या पाई गई।
- 04स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठे हैं।
- 05मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने दवा को हानिकारक नहीं बताया।
Advertisement
In-Article Ad
मध्य प्रदेश के जबलपुर में स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों के लिए दी जाने वाली पैरासिटामोल सिरप को अमानक घोषित कर दिया है, जबकि इसका पूरा स्टॉक जनवरी 2025 में ही खत्म हो चुका था। यह दवा Zenith Drugs Limited द्वारा निर्मित थी और बुखार से पीड़ित बच्चों के इलाज में नियमित रूप से इस्तेमाल की जा रही थी। स्वास्थ्य विभाग ने सिरप के सैंपल को भोपाल स्थित खाद्य एवं औषधि प्रशासन की ड्रग टेस्टिंग लैब में भेजा था, जहां यह दवा गुणवत्ता मानकों पर खरी नहीं उतरी और इसे अमानक घोषित किया गया। रिपोर्ट में सिरप में क्रिस्टलाइजेशन की समस्या सामने आई। चौंकाने वाली बात यह है कि जांच रिपोर्ट अप्रैल 2026 में आई, जबकि दवा का वितरण एक साल पहले हो चुका था। मुख्य जिला चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नवनीत कोठारी ने कहा कि जो दवा बच्चों को दी गई, वह स्वास्थ्य के लिए हानिकारक नहीं थी। इस मामले ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं, जैसे कि गुणवत्ता की जांच समय पर क्यों नहीं की गई और जिम्मेदारी किसकी होगी। यह मामला सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था में गुणवत्ता नियंत्रण और निगरानी तंत्र की खामियों को उजागर करता है।
Advertisement
In-Article Ad
यह मामला बच्चों के स्वास्थ्य पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है, क्योंकि अमानक दवाओं का उपयोग स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि स्वास्थ्य विभाग को दवाओं की गुणवत्ता की जांच में सुधार करना चाहिए?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




