एचएलए मैचिंग के लिए गठित होगी कमेटी, जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज ने उठाए सवाल
फिर फंसा पेच: कमेटी बनाकर होगी एचएलए मैचिंग, तब शुरू होगी हाथ की जांच, GSVM प्रशासन ने कहा- अधूरे हैं दस्तावेज

Image: Amar Ujala
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने कटा हाथ भेजने के औचित्य पर सवाल उठाते हुए एचएलए मैचिंग और हिस्टोपैथालॉजी जांच के लिए एक कमेटी गठित करने का निर्णय लिया है। यह कमेटी जिलाधिकारी के नेतृत्व में काम करेगी।
- 01जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज ने कटा हाथ भेजने के औचित्य पर प्रश्न उठाए हैं।
- 02एक जून को जिलाधिकारी को पत्र लिखकर कमेटी गठित की जाएगी।
- 03कमेटी में पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और कॉलेज का प्रतिनिधि शामिल होगा।
- 04हाथ की जांच के लिए एचएलए मैचिंग और हिस्टोपैथालॉजी जांच का सुझाव दिया गया है।
- 05कटा हाथ उचित तरीके से प्रिजर्व नहीं किया गया था।
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जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने कटा हाथ भेजने के औचित्य पर सवाल उठाते हुए कहा है कि इसकी पुष्टि के लिए एचएलए मैचिंग और हिस्टोपैथालॉजी जांच आवश्यक है। इसके लिए एक कमेटी का गठन किया जाएगा, जो जिलाधिकारी के नेतृत्व में कार्य करेगी। कमेटी में पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और कॉलेज का एक प्रतिनिधि शामिल होगा। प्रशासन ने सुझाव दिया है कि सील खोलकर कटा हाथ निकाला जाएगा और उसकी जांच के लिए आवश्यक नमूने लिए जाएंगे। इसके अलावा, हाथ गंवाने वाली महिला को न्याय दिलाने के लिए फॉरेंसिक हिस्टोपैथालॉजी की सुविधा वाले सेंटर से जांच कराने का भी सुझाव दिया गया है। यह भी बताया गया कि कटा हाथ उचित तरीके से प्रिजर्व नहीं किया गया था, जिससे जांच में कठिनाई हो सकती है।
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यह निर्णय स्थानीय स्वास्थ्य प्रशासन और न्यायिक प्रक्रिया पर प्रभाव डालेगा।
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