PMCH अग्निकांड: 20 वर्षों की लापरवाही से प्रभावित हुआ माइक्रोबायोलाजी विभाग
PMCH अग्निकांड: बीस साल की लापरवाही से लगी आग, अब सैंपल खराब होने का खतरा

Image: Jagran
पटना के पीएमसीएच में माइक्रोबायोलाजी विभाग में आग लगने से 20 वर्षों की लापरवाही उजागर हुई है। आग के कारण सैंपलों के सुरक्षित भंडारण में समस्या आ रही है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
- 01माइक्रोबायोलाजी विभाग में 20 वर्षों से रखरखाव की कमी थी, जिससे आग लगने की घटनाएं बढ़ी थीं।
- 02आग के कारण एसी और रेफ्रिजरेशन सिस्टम प्रभावित हुए, जिससे 60-70 सैंपलों का सुरक्षित भंडारण नहीं हो पा रहा है।
- 03बिजली की आपूर्ति बहाल नहीं होने से एचआइवी सैंपलों के खराब होने का खतरा बढ़ गया है।
- 04पीजी छात्रों की पढ़ाई और प्रायोगिक परीक्षाएं प्रभावित हुई हैं, जिन्हें अगले सप्ताह आयोजित किया जाएगा।
- 05बिहार एड्स कंट्रोल सोसायटी को घटना की रिपोर्ट भेजी गई है और जांच में देरी हो सकती है।
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पटना के पीएमसीएच के माइक्रोबायोलाजी विभाग में सोमवार को लगी आग के कारणों की जांच की गई। प्राचार्य डॉ. एनपी सिंह के नेतृत्व में अग्निशामक अधिकारियों ने पाया कि विभाग का पिछले 20 वर्षों से समुचित रखरखाव नहीं हुआ था। आग के कारण एसी और रेफ्रिजरेशन सिस्टम प्रभावित हुए, जिससे हर दिन आने वाले 60-70 सैंपलों का सुरक्षित भंडारण नहीं हो पा रहा है। स्थिति सामान्य होने में समय लगेगा क्योंकि बिजली की आपूर्ति अभी तक बहाल नहीं हो पाई है। इस कारण एचआइवी सैंपलों के खराब होने का खतरा बढ़ गया है। आग ने कई मशीनों को क्षतिग्रस्त कर दिया है, जिससे जांच कार्य और पीजी छात्रों की शैक्षणिक गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। विभाग में मरम्मत कार्य जारी है और बिहार एड्स कंट्रोल सोसायटी को घटना की रिपोर्ट भेजी गई है।
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आग लगने से स्वास्थ्य सेवाओं में बाधा उत्पन्न हुई है, जिससे सैंपलों की जांच में देरी हो सकती है।
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