हाथरस में एंबुलेंस सेवा का सुधार, 600 जानें बचाई गईं
Hathras News: तय से आधे वक्त में पहुंच रही एंबुलेंस, प्रदेश में 10वां स्थान

Image: Amar Ujala
हाथरस में 108 एंबुलेंस सेवा ने औसत रेस्पांस टाइम 15 मिनट से घटाकर 7.1 मिनट कर दिया है, जिससे 600 मरीजों की जान बचाई गई है। हालांकि, सड़क हादसों में 115 लोग मारे गए हैं, और जिले में एंबुलेंस की संख्या बढ़ाने की आवश्यकता है।
- 01108 एंबुलेंस सेवा ने 7.1 मिनट में मरीजों तक पहुंचकर 600 जानें बचाई हैं।
- 02जनवरी से अप्रैल के बीच 115 लोग सड़क हादसों में मारे गए हैं।
- 03जिले में 108 एंबुलेंस की संख्या केवल 20 है, जो अपर्याप्त है।
- 04स्वास्थ्य विभाग ने रेस्पांस टाइम को और कम करने के लिए प्रयास जारी रखे हैं।
- 05सीएमओ डॉ. वेदप्रकाश ने एंबुलेंस की संख्या बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया है।
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हाथरस में 108 एंबुलेंस सेवा ने अपने स्टैंडर्ड रेस्पांस टाइम को 15 मिनट से घटाकर औसतन 7.1 मिनट कर दिया है, जिससे 600 मरीजों की जान बचाई गई है। इस सेवा की प्रभावशीलता के कारण, अप्रैल महीने में हाथरस को उत्तर प्रदेश में 10वां स्थान मिला है। हालांकि, सड़क हादसों की बढ़ती संख्या चिंता का विषय है, क्योंकि पिछले पांच महीनों में 115 लोग विभिन्न दुर्घटनाओं में मारे गए हैं। वर्तमान में जिले में 108 एंबुलेंस की संख्या केवल 20 है, जो कि अपर्याप्त है। प्रशासन ने हॉटस्पॉट क्षेत्रों के आधार पर एंबुलेंस की तैनाती की है, लेकिन बढ़ते हादसों को देखते हुए इस संख्या को कम से कम दोगुना करने की आवश्यकता है। स्वास्थ्य विभाग ने रेस्पांस टाइम को और कम करने के लिए टीम को निर्देशित किया है, और एंबुलेंस सेवा के माध्यम से सड़क हादसों में होने वाली मौतों को कम करने का लक्ष्य रखा गया है।
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हाथरस में एंबुलेंस सेवा का सुधार स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच को बेहतर बना रहा है, जिससे मरीजों को समय पर सहायता मिल रही है।
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