जम्मू की महिलाएं डेयरी व्यवसाय में सफलता की नई मिसाल पेश कर रही हैं
Jammu News: चूल्हे-चौके से बाहर निकलकर अपनाया डेयरी कारोबार .... जम्मू की सुषमा और जोशना ने पेश की सफलता की मिसाल

Image: Amar Ujala
जम्मू की महिलाएं, जैसे सुषमा देवी और जोशना, ने पारंपरिक भूमिकाओं से बाहर निकलकर डेयरी व्यवसाय अपनाया है। उन्होंने आत्मनिर्भरता और महिला सशक्तीकरण की मिसाल कायम की है, जिससे आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है।
- 01सुषमा देवी ने सात वर्ष पहले छोटे स्तर से डेयरी व्यवसाय शुरू किया और अब उनके पास 500 से अधिक मवेशी हैं।
- 02जोशना ने तीन वर्षों में ऑटोमेटिक मिल्क कलेक्टर के माध्यम से अपने क्षेत्र में डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा दिया।
- 03सुषमा ने जम्मू-कश्मीर ग्रामीण आजीविका मिशन (जेकेआरएलएम) से प्रशिक्षण लेकर डेयरी उत्पादों की प्रोसेसिंग की।
- 04सुषमा के समूह में 300 से अधिक महिला सदस्य शामिल हैं, जो आत्मनिर्भरता की दिशा में काम कर रही हैं।
- 05महिलाओं का मानना है कि धैर्य और मेहनत से किसी भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त की जा सकती है।
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जम्मू की महिलाएं अब पारंपरिक भूमिकाओं से बाहर निकलकर डेयरी व्यवसाय में सक्रिय भागीदारी निभा रही हैं। सुषमा देवी, जिन्होंने लगभग सात वर्ष पहले छोटे स्तर से डेयरी कार्य शुरू किया, अब 500 से अधिक मवेशियों की देखभाल कर रही हैं और डेयरी उत्पादों की प्रोसेसिंग के लिए एफपीओ प्लांट स्थापित किया है। उनकी मेहनत से 300 से अधिक महिलाएं भी जुड़ चुकी हैं। वहीं, जोशना ने तीन वर्षों में ऑटोमेटिक मिल्क कलेक्टर का उपयोग कर अपने क्षेत्र में डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा दिया है। दोनों महिलाएं आत्मनिर्भरता और महिला सशक्तीकरण की प्रेरणादायक मिसाल हैं। उनका मानना है कि धैर्य और मेहनत से किसी भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त की जा सकती है। इस प्रकार, जम्मू की ये महिलाएं न केवल अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रही हैं, बल्कि समाज में भी एक नई पहचान बना रही हैं।
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महिलाएं अब डेयरी व्यवसाय में सक्रिय होकर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर हो रही हैं।
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