दिल्ली हाई कोर्ट के फैसले पर मनोज तिवारी का समर्थन, आप नेताओं के खिलाफ अवमानना कार्यवाही
'न्यायपालिका की गरिमा सर्वोपरि', मनोज तिवारी ने आप के खिलाफ अवमानना कार्यवाही का किया स्वागत
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दिल्ली भाजपा के पूर्व अध्यक्ष मनोज तिवारी ने दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा आम आदमी पार्टी के नेताओं के खिलाफ अवमानना कार्यवाही शुरू करने के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह फैसला कानून और न्यायपालिका की गरिमा को बनाए रखने का संकेत है, और आम आदमी पार्टी की भ्रष्टाचार और झूठ फैलाने की राजनीति को बेनकाब करता है।
- 01मनोज तिवारी ने कहा कि कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है, चाहे वह कितना प्रभावशाली क्यों न हो।
- 02उन्होंने आरोप लगाया कि आप नेताओं ने न्यायपालिका को निशाना बनाकर झूठ और संपादित वीडियो का सहारा लिया है।
- 03तिवारी ने दिल्ली आबकारी नीति घोटाले में भ्रष्टाचार छिपाने के प्रयासों की निंदा की।
- 04भाजपा ने संविधान और न्यायपालिका की स्वतंत्रता का समर्थन करने का वादा किया है।
- 05तिवारी ने दिल्ली की जनता से आम आदमी पार्टी की राजनीति को बेनकाब करने की अपील की।
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दिल्ली भाजपा के पूर्व अध्यक्ष और सांसद मनोज तिवारी ने दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा आम आदमी पार्टी (आप) के नेताओं के खिलाफ आपराधिक अवमानना कार्यवाही शुरू करने के निर्णय का स्वागत किया। तिवारी ने कहा कि यह फैसला स्पष्ट संकेत है कि कोई भी व्यक्ति, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, कानून और न्यायपालिका की गरिमा से ऊपर नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि आप के नेताओं ने लंबे समय से न्यायपालिका और न्यायाधीशों को निशाना बनाकर झूठ, संपादित वीडियो, और मानहानिकारक अभियानों के जरिए माहौल खराब करने का प्रयास किया है। तिवारी ने दिल्ली आबकारी नीति घोटाले में भ्रष्टाचार छिपाने और झूठ फैलाने वालों को जवाबदेह ठहराने की बात की। भाजपा ने हमेशा संविधान और न्यायपालिका की स्वतंत्रता का समर्थन किया है और पार्टी को दिल्ली हाई कोर्ट तथा भारतीय न्याय प्रणाली पर पूरा भरोसा है। उन्होंने दिल्ली की जनता से अपील की कि आम आदमी पार्टी की “झूठ, भ्रष्टाचार और संस्थाओं पर हमले” की राजनीति अब बेनकाब हो चुकी है।
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यह निर्णय आम आदमी पार्टी की राजनीति पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है और दिल्ली की जनता को भ्रष्टाचार के खिलाफ जागरूक कर सकता है।
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