सोलन की बुआसनी पंचायत में प्रधान पद के लिए योग्य उम्मीदवारों की कमी, चुनाव पर संकट
Himachal: सोलन की बुआसनी पंचायत में प्रधान पद के लिए कोई योग्य उम्मीदवार नहीं, जानें पूरा मामला
Amar Ujala
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सोलन जिले की बुआसनी पंचायत में प्रधान पद के लिए ओबीसी महिला के लिए आरक्षण के बावजूद कोई योग्य उम्मीदवार नहीं है। प्रशासन की गलती के कारण यह स्थिति तीसरी बार उत्पन्न हुई है, जिससे चुनाव में देरी हो सकती है और सरकार पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।
- 01बुआसनी पंचायत का प्रधान पद ओबीसी महिला के लिए तीसरी बार आरक्षित किया गया है।
- 02पंचायत के प्रतिनिधियों ने प्रशासन से इस आरक्षण को हटाने की मांग की थी।
- 03पंचायत में कोई ओबीसी परिवार नहीं है, जिससे चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की उम्मीदें प्रभावित हुई हैं।
- 04नालागढ़ के खंड विकास अधिकारी ने मामले की जानकारी नहीं होने की बात कही है।
- 05इस स्थिति के कारण चुनाव में देरी होने से सरकार पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।
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सोलन जिले की बुआसनी पंचायत में प्रधान पद के लिए ओबीसी महिला के लिए आरक्षण के बावजूद कोई योग्य उम्मीदवार नहीं मिल रहा है। यह स्थिति प्रशासन की लापरवाही के कारण तीसरी बार उत्पन्न हुई है। पहले 2005 और 2010 में भी इसी पंचायत का प्रधान पद ओबीसी महिला के लिए आरक्षित किया गया था, लेकिन तब भी कोई ओबीसी परिवार नहीं था। पंचायत के प्रतिनिधियों ने उपायुक्त से मुलाकात कर इस आरक्षण को हटाने की मांग की थी, लेकिन प्रशासन ने इसे अनारक्षित करने के बजाय फिर से ओबीसी महिला के लिए आरक्षित कर दिया। स्थानीय निवासी दुनी चंद और मान सिंह ने इस पर चिंता जताई है कि बार-बार एक ही गलती होने से चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की उम्मीदें टूट रही हैं। नालागढ़ के खंड विकास अधिकारी अरविंद कुमार ने कहा कि यदि पंचायत में कोई ओबीसी परिवार नहीं है, तो यहां पर दोबारा चुनाव कराए जाएंगे। इस स्थिति के कारण चुनाव में देरी होने से सरकार पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।
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इस स्थिति के कारण चुनाव में देरी होने से स्थानीय सरकार पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।
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