रेडिएशन थेरेपी से मूत्राशय कैंसर के जोखिम में कमी
सर्जरी के बाद रेडिएशन थेरेपी से आधा हो जाता है Bladder Cancer का खतरा

Image: Rudrakshnews
मुंबई के टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल के एक अध्ययन में पाया गया है कि सर्जरी के बाद रेडिएशन थेरेपी से मूत्राशय कैंसर के दोबारा लौटने का खतरा 50% से अधिक कम हो जाता है, जिससे मरीजों के लिए नई उम्मीद जगी है।
- 01टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल और चार अन्य कैंसर सेंटर्स द्वारा किए गए ट्रायल में 153 मरीज शामिल थे।
- 02रेडिएशन थेरेपी से कैंसर के लौटने का खतरा 50% से अधिक कम हो गया।
- 03मूत्राशय का कैंसर विश्व स्तर पर 9वां सबसे आम कैंसर है।
- 042022 में 6 लाख से अधिक लोगों में मूत्राशय कैंसर की पहचान हुई।
- 05यह बीमारी मुख्य रूप से पुरुषों को अधिक प्रभावित करती है।
Advertisement
In-Article Ad
मूत्राशय का कैंसर एक जटिल बीमारी है और इसका इलाज महंगा भी होता है। हाल ही में मुंबई के टाटा मेमोरियल हॉस्पिटल और अन्य कैंसर सेंटर्स द्वारा किए गए एक महत्वपूर्ण ट्रायल में यह साबित हुआ है कि सर्जरी के बाद रेडिएशन थेरेपी देने से इस कैंसर के दोबारा लौटने का खतरा 50% से अधिक कम हो जाता है। इस अध्ययन को 'ब्लैडर एडजुवेंट रेडियोथेरेपी' परीक्षण नाम दिया गया है और इसके परिणाम 'जर्नल ऑफ क्लीनिकल ऑन्कोलॉजी' में प्रकाशित हुए हैं। ट्रायल में 153 मरीजों को शामिल किया गया था, जिनमें से आधे को रेडिएशन थेरेपी दी गई। शोधकर्ताओं का कहना है कि यह नई विधि कैंसर के पुनरावृत्ति के जोखिम को कम करने में सहायक है। मूत्राशय का कैंसर विश्व में 9वां सबसे आम कैंसर है, जो मुख्य रूप से पुरुषों को प्रभावित करता है। इस रिसर्च ने मूत्राशय कैंसर से जूझ रहे मरीजों के लिए नई उम्मीद जगाई है।
Advertisement
In-Article Ad
यह अध्ययन मूत्राशय कैंसर के मरीजों के लिए उपचार के विकल्पों को बेहतर बनाता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आप मूत्राशय कैंसर के इलाज में रेडिएशन थेरेपी को प्रभावी मानते हैं?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




