पश्चिमी ओडिशा में शंख नदी का जलस्तर शून्य, ग्रामीणों को पानी के लिए खोदने पड़ रहे गड्ढे
पश्चिमी ओडिशा की 'लाइफलाइन' पर संकट: शंख नदी का जलस्तर हुआ शून्य, पानी के लिए गड्ढे खोदने को मजबूर ग्रामीण
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पश्चिमी ओडिशा के सुंदरगढ़ जिले में शंख नदी का जलस्तर सूख गया है, जिससे कुतरा और कुआरमुंडा ब्लॉक के गांवों में पानी की भारी कमी हो गई है। ग्रामीण अब जीवन यापन के लिए गड्ढे खोदकर पानी निकालने को मजबूर हैं। यदि मानसून में कमी आई, तो राउरकेला शहर में भी जल संकट उत्पन्न हो सकता है।
- 01शंख नदी का जलस्तर सूखने से ग्रामीणों को पानी की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है।
- 02ग्रामीण गड्ढे खोदकर पानी निकालने को मजबूर हैं।
- 03मंदिरा डैम में पानी होने से राउरकेला में जल आपूर्ति प्रभावित नहीं हुई है।
- 04यदि मानसून में कमी आई, तो राउरकेला में गंभीर जल संकट हो सकता है।
- 05शंख नदी का जलस्तर गिरना पर्यावरण और जनजीवन के लिए गंभीर चेतावनी है।
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पश्चिमी ओडिशा के सुंदरगढ़ जिले में भीषण गर्मी के कारण शंख नदी का जलस्तर पूरी तरह सूख गया है, जिससे कुतरा और कुआरमुंडा ब्लॉक के दो दर्जन से अधिक गांवों में पानी की गंभीर कमी हो गई है। ग्रामीण अब नदी के किनारों पर छोटे-छोटे गड्ढे खोदकर पानी निकालने के लिए मजबूर हैं। इस नदी पर निर्भर गांवों में नहाने के लिए भी पानी मिलना मुश्किल हो गया है। हालांकि, मंदिरा डैम में जल उपलब्ध होने के कारण राउरकेला शहर में जल आपूर्ति अभी तक प्रभावित नहीं हुई है। लेकिन यदि इस वर्ष मानसून में पर्याप्त वर्षा नहीं हुई, तो यह स्थिति चिंताजनक हो सकती है। शंख नदी झारखंड के गुमला जिले से निकलकर ओडिशा में प्रवेश करती है और इसके जलस्तर का गिरना पर्यावरण और जनजीवन के लिए एक गंभीर चेतावनी है।
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ग्रामीणों को पानी की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनकी दैनिक जीवनशैली प्रभावित हो रही है।
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