छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड ने धार्मिक जलसों में डीजे पर लगाया बैन
हुड़दंग और हाईवे जाम के बाद एक्शन में वक्फ बोर्ड, डीजे पर लगाया बैन

Image: News 18 Hindi
छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड ने मजारों और दरगाहों पर धार्मिक जलसों के दौरान डीजे और धूमाल पर प्रतिबंध लगाया है। इस निर्णय का उद्देश्य इस्लामिक नियमों का पालन सुनिश्चित करना और हाल की घटनाओं के मद्देनजर शांति बनाए रखना है।
- 01वक्फ बोर्ड ने धार्मिक जलसों में डीजे और धूमाल पर रोक लगाने का निर्णय लिया है।
- 02वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने सभी कलेक्टरों को इस आदेश को लागू करने के निर्देश दिए हैं।
- 03धार्मिक कार्यक्रमों को इस्लामिक दायरे में आयोजित करने की अपील की गई है।
- 04भिलाई में एक जलसे के दौरान नेशनल हाईवे पर तीन घंटे जाम लगने की घटना ने इस निर्णय को प्रेरित किया।
- 05इस्लाम में संदल और चादर पेशी के दौरान डीजे बजाने की मनाही है, फिर भी उल्लंघन की घटनाएँ हो रही थीं।
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छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है, जिसके तहत मजारों, दरगाहों और उर्स के दौरान होने वाले धार्मिक जलसों में डीजे और धूमाल पर प्रतिबंध लगाया गया है। वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने इस संबंध में सभी कलेक्टरों को पत्र लिखकर सख्ती से इस व्यवस्था को लागू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने धार्मिक कार्यक्रमों को इस्लामिक दायरे में आयोजित करने की अपील की है। डॉ. राज ने भिलाई में एक जलसे के दौरान नेशनल हाईवे पर तीन घंटे तक जाम लगने की घटना का उल्लेख करते हुए कहा कि बढ़ती शिकायतों के मद्देनजर यह निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि इस्लाम में संदल और चादर पेशी के दौरान डीजे बजाने की मनाही है, लेकिन इसके बावजूद ऐसे मामलों की शिकायतें मिल रही थीं। यह निर्णय धार्मिक आयोजनों में अनुशासन और शांति बनाए रखने के लिए आवश्यक है।
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यह निर्णय धार्मिक आयोजनों में अनुशासन और शांति बनाए रखने में मदद करेगा।
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