बांग्लादेश-भारत संबंधों में सुधार की आवश्यकता पर जोर
'बांग्लादेश-भारत की तरक्की एक-दूसरे के हित में', ढाका से विदा लेते हुए तारिक रहमान को बड़ा संदेश दे गए दिल्ली के दूत, सुधरेंगे संबंध!
Image: Nbt Navbharattimes
बांग्लादेश में भारत के निवर्तमान हाई कमिश्नर प्रणय वर्मा ने कहा है कि दोनों देशों के बीच संबंधों को सुधारने की आवश्यकता है। उन्होंने जलवायु परिवर्तन जैसी साझा चुनौतियों का सामना करने के लिए सहयोग की बात की और एक नए भविष्य-उन्मुख एजेंडे की आवश्यकता पर बल दिया।
- 01प्रणय वर्मा ने बांग्लादेश-भारत संबंधों में सुधार के लिए एक नए एजेंडे की आवश्यकता बताई।
- 02उन्होंने जलवायु परिवर्तन और पर्यावरणीय स्थिरता के लिए सहयोग को महत्वपूर्ण बताया।
- 03वर्मा ने कहा कि दोनों देशों की भौगोलिक निकटता एक अवसर है, न कि बोझ।
- 04बांग्लादेश में राजनीतिक बदलाव के बाद भारत ने बेहतर संबंधों पर जोर दिया है।
- 05वर्मा ने कहा कि एक समृद्ध बांग्लादेश भारत के हित में है और इसके विपरीत भी।
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ढाका में भारत के निवर्तमान हाई कमिश्नर प्रणय वर्मा ने अपने विदाई संदेश में बांग्लादेश और भारत के बीच संबंधों को सुधारने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों को एक नए और भविष्य-उन्मुख एजेंडे पर काम करना चाहिए, जो साझा चुनौतियों जैसे जलवायु परिवर्तन और पर्यावरणीय स्थिरता से निपटने में सहायक हो। वर्मा ने बताया कि दोनों देशों की भौगोलिक निकटता उनके लिए एक पूंजी है, जिससे नए अवसरों का निर्माण किया जा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि एक समृद्ध बांग्लादेश भारत के हित में है, जैसे एक समृद्ध भारत बांग्लादेश के हित में है। हाल के राजनीतिक बदलावों के बाद, दोनों देशों ने बेहतर संबंधों की दिशा में कदम बढ़ाए हैं।
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बांग्लादेश-भारत संबंधों में सुधार से दोनों देशों के बीच व्यापार और सहयोग में वृद्धि हो सकती है।
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