CBSE ने कक्षा 6 में तीसरी भाषा को अनिवार्य किया
CBSE का नया निर्देश: कक्षा 6 में तीसरी भाषा अनिवार्य, सात दिन में होगा लागू
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने सभी संबद्ध स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे कक्षा 6 में तीसरी भाषा (आर3) को अनिवार्य रूप से लागू करें। यह व्यवस्था सत्र 2026-27 से प्रभावी होगी और स्कूलों को इसे सात दिनों के भीतर लागू करने के लिए कहा गया है।
- 01कक्षा 6 में तीसरी भाषा (आर3) को अनिवार्य किया गया है।
- 02यह व्यवस्था सत्र 2026-27 से लागू होगी।
- 03स्कूलों को इसे सात दिनों के भीतर लागू करने का निर्देश दिया गया है।
- 04आर3 के लिए किताबें जल्द उपलब्ध कराई जाएंगी।
- 05स्कूलों को अपनी चुनी गई आर3 भाषा की जानकारी क्षेत्रीय कार्यालय को देनी होगी।
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने सभी संबद्ध स्कूलों को कक्षा 6 में तीसरी भाषा (आर3) को लागू करने के लिए सख्त निर्देश दिए हैं। यह व्यवस्था सत्र 2026-27 से अनिवार्य होगी और जिन स्कूलों ने इसे अभी तक लागू नहीं किया है, उन्हें इसे सात दिनों के भीतर शुरू करने के लिए कहा गया है। यह निर्णय नेशनल करिकुलम फ्रेमवर्क फार स्कूल एजुकेशन (एनसीएफएसई)-2023 के तहत लिया गया है, जो बहुभाषावाद को बढ़ावा देने पर जोर देता है। नए आर1, आर2, आर3 मॉडल के अनुसार, विद्यार्थियों को कम से कम दो भारतीय भाषाएं सीखने का अवसर मिलेगा, जिससे भाषाई दक्षता और सांस्कृतिक समझ में वृद्धि होगी। सीबीएसई ने कहा है कि आर3 के लिए किताबें जल्द ही उपलब्ध कराई जाएंगी, लेकिन स्कूलों को स्थानीय स्तर पर उपलब्ध सामग्री से पढ़ाई शुरू करने का निर्देश दिया गया है। इसके अलावा, स्कूलों को अपनी चुनी गई आर3 भाषा की जानकारी अपने क्षेत्रीय कार्यालय को देना होगा और इसे ओसिस पोर्टल पर अपडेट करना होगा।
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इस निर्णय से छात्रों को भाषाई दक्षता में सुधार होगा और वे विभिन्न भारतीय भाषाओं के प्रति जागरूक होंगे।
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