प्रतीक यादव की संदिग्ध मौत: पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोटों के निशान का खुलासा
क्या प्रतीक यादव के शरीर पर मिले चोट के निशान? जानिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट क्या कह रही है
Nbt NavbharattimesImage: Nbt Navbharattimes
समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव के बेटे प्रतीक यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनके शरीर पर छह चोटों के निशान और मौत का कारण 'कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स' बताया गया है। यह घटना लखनऊ, उत्तर प्रदेश में हुई थी।
- 01प्रतीक यादव की मौत संदिग्ध परिस्थितियों में हुई।
- 02पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर छह चोटों के निशान पाए गए।
- 03मौत का कारण 'मैसिव पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म' से 'कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स' बताया गया।
- 04चोटें एंटेमॉर्टम यानी मृत्यु से पहले की हैं।
- 05प्रतीक यादव को लखनऊ के सिविल अस्पताल में लाया गया था।
Advertisement
In-Article Ad
समाजवादी पार्टी (सपा) के संस्थापक मुलायम सिंह यादव के बेटे प्रतीक यादव (38) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया है कि उनके शरीर पर छह चोटों के निशान पाए गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, प्रतीक यादव की मौत का कारण 'मैसिव पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म' से 'कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स' है। यह घटना लखनऊ, उत्तर प्रदेश में हुई, जहां उन्हें इलाज के लिए लाया गया था। रिपोर्ट में यह भी स्पष्ट किया गया है कि सभी चोटें एंटेमॉर्टम यानी मृत्यु से पहले की हैं। पहली, दूसरी और तीसरी चोटें लगभग 5 से 7 दिन पुरानी थीं, जबकि चौथी, पांचवीं और छठी चोटें एक दिन पुरानी बताई गई हैं।
Advertisement
In-Article Ad
यह घटना स्थानीय राजनीतिक माहौल में हलचल पैदा कर सकती है, विशेषकर समाजवादी पार्टी के समर्थकों में।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको प्रतीक यादव की मौत की जांच के लिए स्वतंत्र जांच की आवश्यकता है?
Connecting to poll...
More about समाजवादी पार्टी

प्रतीक यादव की मृत्यु पर सैफई परिवार में शोक, अखिलेश यादव ने संभाला
Jagran • May 13, 2026

तेजस्वी यादव ने प्रतीक यादव को श्रद्धांजलि दी, बताया समझदार और विवादों से दूर रहने वाला इंसान
Jagran • May 13, 2026
समाजवादी पार्टी के नेता प्रतीक यादव का निधन, सोशल मीडिया पर सक्रियता के लिए जाने जाते थे
Jagran • May 13, 2026
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।



-1778492729615-1778517990208-1778518011137-1778606343227-1778606351329-1778681945938-1778681953763.webp&w=1200&q=75)
-1778682046378.webp&w=1200&q=75)