रामदास अठावले का अनोखा सुझाव: कच्ची शराब को कानूनी मान्यता देने की वकालत
जहरीली शराब कांड रोकने के लिए अठावले का अनोखा फॉर्मूला, बोले- कच्ची दारू को दी जाए कानूनी मान्यता

Image: Jagran
केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कच्ची शराब को कानूनी मान्यता देने का प्रस्ताव रखा है, जिससे सरकार का राजस्व बढ़ाने और जहरीली शराब से होने वाली मौतों को रोकने की उम्मीद है। उनका कहना है कि इससे अवैध कारोबार पर अंकुश लगेगा और लोगों को सुरक्षित उत्पाद मिलेंगे।
- 01रामदास अठावले ने कच्ची शराब के उत्पादन और बिक्री को सरकारी नियंत्रण में लाने का सुझाव दिया।
- 02उनका मानना है कि इससे जहरीली शराब से होने वाली मौतों में कमी आएगी।
- 03अठावले ने हाल ही में पुणे में हुई जहरीली शराब त्रासदी का उल्लेख किया।
- 04कच्ची शराब का सेवन मुख्यतः दिहाड़ी मजदूरों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग द्वारा किया जाता है।
- 05यह सुझाव उनके व्यक्तिगत विचार के रूप में प्रस्तुत किया गया है।
Advertisement
In-Article Ad
केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास अठावले ने कच्ची शराब को कानूनी मान्यता देने का अनोखा प्रस्ताव रखा है। उन्होंने कहा कि इससे न केवल सरकार का राजस्व बढ़ेगा, बल्कि जहरीली शराब से होने वाली मौतों पर भी रोक लगाई जा सकेगी। ठाणे जिले के भिवंडी तालुका के बापगांव में एक कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में अठावले ने बताया कि कच्ची शराब का सेवन करने वाले दिहाड़ी मजदूर और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोग अक्सर जहरीली शराब के शिकार बनते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि कच्ची शराब के उत्पादन और बिक्री को सरकारी नियंत्रण में लाकर उसकी गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। इससे अवैध कारोबार पर अंकुश लगेगा और लोगों को सुरक्षित उत्पाद उपलब्ध होंगे। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट किया कि यह उनका व्यक्तिगत विचार है और इसे लागू करने के लिए सरकार को विचार करना होगा।
Advertisement
In-Article Ad
यह प्रस्ताव दिहाड़ी मजदूरों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आप कच्ची शराब को कानूनी मान्यता देने के पक्ष में हैं?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




