मोसाद प्रमुख डेविड बार्निया का कार्यकाल: ईरान से लेकर लेबनान तक के ऑपरेशंस
गाजा से ईरान तक हमले, मोसाद चीफ की सीक्रेट डायरी के पन्ने, खुफिया एजेंसी को बनाया 'किलिंग मशीन'
Image: Nbt Navbharattimes
मोसाद के प्रमुख डेविड बार्निया ने अपने पांच साल के कार्यकाल में एजेंसी को एक प्रभावशाली 'किलिंग मशीन' में बदल दिया। उन्होंने ईरान और लेबनान में महत्वपूर्ण ऑपरेशंस का संचालन किया, जिसमें हिज्बुल्लाह के प्रमुख हसन नसरल्लाह की हत्या शामिल है। उनकी रणनीति में छोटे ऑपरेशंस के बजाय बड़े पैमाने पर हमले शामिल थे।
- 01डेविड बार्निया ने मोसाद को एक प्रभावशाली खुफिया एजेंसी में बदल दिया, जो ईरान और लेबनान में सक्रिय है।
- 02उन्होंने हिज्बुल्लाह के प्रमुख हसन नसरल्लाह की हत्या में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
- 03बार्निया ने छोटे ऑपरेशंस के बजाय बड़े पैमाने पर हमले करने की नीति अपनाई।
- 04ईरान के 'पिकएक्स माउंटेन' न्यूक्लियर प्लांट को लेकर इजराइल और अमेरिका की चिंता बढ़ी है।
- 05उनके कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण एजेंटों की नियुक्ति और ऑपरेशंस का संचालन किया गया।
Advertisement
In-Article Ad
मोसाद के प्रमुख डेविड बार्निया ने अपने कार्यकाल में एजेंसी को एक 'किलिंग मशीन' में बदल दिया है, जो ईरान से लेकर लेबनान में हिज्बुल्लाह तक महत्वपूर्ण ऑपरेशंस में सक्रिय है। बार्निया ने सैकड़ों एजेंटों की मदद से ईरान को कमजोर करने के लिए कई परमाणु वैज्ञानिकों की हत्या की। 27 सितंबर 2024 को हुए पेजर धमाकों में हिज्बुल्लाह के दर्जनों सदस्य मारे गए, और इसके बाद इजरायल डिफेंस फोर्स ने हिज्बुल्लाह के अंडरग्राउंड हेडक्वार्टर पर हमला किया। बार्निया ने इजराइल की कुर्द अल्पसंख्यकों के माध्यम से ईरान की इस्लामी सरकार को गिराने की योजना बनाई थी, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस पर वीटो लगा दिया। उनके कार्यकाल के अंत में, बार्निया को नई जिम्मेदारियों के लिए विचार किया जा रहा है, जबकि उनकी पत्नी विदेश यात्रा के पक्ष में नहीं हैं।
Advertisement
In-Article Ad
मोसाद के ऑपरेशंस से इजराइल और उसके पड़ोसी देशों की सुरक्षा पर प्रभाव पड़ता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
आपको क्या लगता है, क्या इजराइल को ईरान के खिलाफ और अधिक सख्त कदम उठाने चाहिए?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




