करुणा: बेजुबान जानवरों की सेवा में समर्पित एक महिला
Rohtak News: बेजुबानों की मसीहा बनीं करुणा, रोज 200 से ज्यादा जानवराें को खिलाती हैं खाना

Image: Amar Ujala
रोहतक की करुणा ने पिछले पांच वर्षों से बेजुबान जानवरों की सेवा को अपना जीवन मिशन बना लिया है। वे रोजाना 200 से अधिक जानवरों को खाना खिलाती हैं और उनके इलाज का भी ध्यान रखती हैं। उनके प्रयासों से 100 से अधिक कुत्तों का बधियाकरण भी किया गया है।
- 01करुणा पिछले पांच वर्षों से बेजुबान जानवरों की देखभाल कर रही हैं।
- 02वे रोजाना 200 से अधिक जानवरों को भोजन प्रदान करती हैं।
- 03करुणा ने 100 से अधिक कुत्तों का बधियाकरण किया है।
- 04उन्होंने अपने खेत में 25 जानवरों के लिए एक शेल्टर होम बनाया है।
- 05उनके दोनों बेटे भी इस नेक कार्य में उनका साथ देते हैं।
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रोहतक की करुणा ने बेजुबान जानवरों की सेवा को अपने जीवन का मिशन बना लिया है। पिछले पांच वर्षों से, वे कुत्तों और अन्य जानवरों की देखभाल कर रही हैं, रोजाना 200 से अधिक जानवरों को खाना खिलाती हैं और उनके इलाज का प्रबंध भी करती हैं। करुणा ने बताया कि उनका लगाव बचपन से ही जानवरों के प्रति था, जो अब उनके जीवन का उद्देश्य बन चुका है। वे 12 वर्षों से एक निजी स्कूल में पढ़ा रही हैं और अपनी आय से इस सेवा कार्य को चलाती हैं। उन्होंने अपने खेत में एक शेल्टर होम भी बनाया है, जहां 25 जानवर रहते हैं, जिनमें कई अंधे, अपाहिज या घायल हैं। करुणा का मानना है कि जानवरों की देखभाल समाज की जिम्मेदारी है। उनके दोनों बेटे, एकलव्य और शौर्य, भी इस नेक कार्य में उनका सहयोग करते हैं। करुणा के लिए सबसे बड़ी खुशी तब होती है जब कोई डरा हुआ जानवर धीरे-धीरे भरोसा करने लगता है।
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करुणा के प्रयासों से बेजुबान जानवरों को भोजन और देखभाल मिल रही है, जिससे स्थानीय समुदाय में जानवरों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ रही है।
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