महिला आयोग ने डॉ. शैली के मामले में जांच शुरू की, दोबारा नियुक्ति पर उठे सवाल
Kurukshetra News: दो-दो मामलों के बावजूद डॉ. शैली को दोबारा नौकरी कैसे मिली, महिला आयोग ने शुरू की पड़ताल

Image: Amar Ujala
कुरुक्षेत्र में लोकनायक जयप्रकाश नागरिक अस्पताल के डॉक्टर शैलेंद्र शैली के खिलाफ नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में राज्य महिला आयोग ने जांच शुरू की है। आयोग पूर्व मामलों और उनकी पुनर्नियुक्ति की प्रक्रिया की भी समीक्षा करेगा।
- 01महिला आयोग ने डॉक्टर शैलेंद्र शैली के खिलाफ नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में स्वत: संज्ञान लिया है।
- 02आयोग सेवानिवृत्ति के बाद डॉक्टर की पुनर्नियुक्ति की प्रक्रिया की जांच करेगा।
- 03पॉक्सो कानून के तहत मामले की गंभीरता को देखते हुए आयोग ने लापरवाही की जांच का आश्वासन दिया है।
- 04आयोग ने स्वास्थ्य विभाग से संबंधित रिकॉर्ड और नियुक्ति दस्तावेजों की जानकारी मांगी है।
- 05पीड़िता और उसके परिजनों के साथ भी आयोग की टीम संपर्क स्थापित करने का प्रयास करेगी।
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कुरुक्षेत्र में लोकनायक जयप्रकाश नागरिक अस्पताल के डॉक्टर शैलेंद्र शैली पर नाबालिग मरीज से यौन उत्पीड़न का आरोप लगा है। राज्य महिला आयोग ने इस मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए जांच का दायरा बढ़ा दिया है। आयोग अब केवल हालिया मामले की जांच नहीं करेगा, बल्कि डॉक्टर के पुराने मामलों और उसकी पुनर्नियुक्ति की प्रक्रिया की भी गहन समीक्षा करेगा। महिला आयोग की चेयरपर्सन ने यह सवाल उठाया कि जब डॉक्टर पर पहले से गंभीर आरोप थे, तो उसे सेवानिवृत्ति के बाद दोबारा कैसे नियुक्त किया गया। उन्होंने कहा कि पॉक्सो कानून के तहत यह मामला बेहद गंभीर है और इसमें लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आयोग ने स्वास्थ्य विभाग से सभी संबंधित रिकॉर्ड और नियुक्ति दस्तावेजों की जानकारी मांगी है। इसके अलावा, पीड़िता से मिलने का प्रयास भी किया जाएगा। आयोग की कार्रवाई से स्वास्थ्य विभाग और अस्पताल प्रशासन की भूमिका भी जांच के दायरे में आ गई है।
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इस मामले की जांच से अस्पताल के प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की जवाबदेही बढ़ेगी।
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