हरियाणा में जीएनएसएस रोवर मशीन से जमीन की डिजिटल पैमाइश की शुरुआत
हरियाणा में अब GNSS रोवर मशीन से होगी जमीन की सटीक पैमाइश, ऑनलाइन आवेदन के साथ देना होगा इतना शुल्क
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Image: Jagran
हरियाणा सरकार ने जमीन की डिजिटल पैमाइश के लिए जीएनएसएस रोवर मशीन का उपयोग शुरू किया है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा और निर्धारित शुल्क का भुगतान करना होगा। यह प्रणाली सटीकता और पारदर्शिता में सुधार लाएगी।
- 01हरियाणा में जीएनएसएस रोवर मशीन से जमीन की पैमाइश होगी।
- 02ऑनलाइन आवेदन के लिए राजस्व विभाग के पोर्टल का उपयोग करना होगा।
- 03पैमाइश की सटीकता 1 से 2 सेंटीमीटर होगी।
- 04कृषि और गैर-कृषि भूमि के लिए अलग-अलग शुल्क निर्धारित किए गए हैं।
- 05रोवर मशीन का डेटा सीधे राजस्व विभाग के सर्वर पर अपलोड किया जाएगा।
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हरियाणा की नायब सरकार ने जमीन की डिजिटल पैमाइश के लिए जीएनएसएस (ग्लोबल नेविगेशन सेटेलाइट सिस्टम) रोवर मशीन का उपयोग करने का निर्णय लिया है। इस नई प्रणाली के तहत, मैन्युल पैमाइश की जगह तकनीकी मशीन से पैमाइश की जाएगी, जिससे सटीकता और पारदर्शिता में सुधार होगा। इसके लिए लोगों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा और निर्धारित शुल्क का भुगतान करना होगा। वर्तमान में, लगभग 125 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं, लेकिन अभी तक किसी भी आवेदन पर पैमाइश शुरू नहीं हुई है। राजस्व मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि इस प्रणाली से सीमांकन विवाद जल्दी सुलझेंगे। कृषि भूमि के लिए पहले एक एकड़ की पैमाइश का शुल्क 1,000 रुपये है, जबकि गैर-कृषि भूमि के लिए यह 2,000 रुपये है।
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इस नई प्रणाली से किसानों और भूमि मालिकों को सटीक और पारदर्शी पैमाइश की सुविधा मिलेगी, जिससे भूमि विवाद जल्दी सुलझेंगे।
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