भारत-नेपाल संबंधों में नई दिशा की ओर कदम, जयशंकर और खनाल की बैठक
'भारत-नेपाल संबंधों की दिशा में निर्णायक बदलाव लाने का अवसर', जयशंकर ने भविष्य की साझेदारी पर दिया जोर

Image: Jagran
भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर और नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण बैठक की, जिसमें दोनों देशों के संबंधों को एक नई दिशा देने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। उन्होंने व्यापार, कनेक्टिविटी और आधुनिक क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ाने का संकल्प लिया।
- 01जयशंकर ने भारत-नेपाल संबंधों को एक ऐतिहासिक मोड़ देने की बात की।
- 02दोनों देशों के बीच 'रोटी-बेटी' संबंधों की परंपरा को याद किया गया।
- 03नेपाल के विदेश मंत्री ने नई सरकार की ओर से भारत के साथ सकारात्मक और परिवर्तनकारी रिश्ते की प्रतिबद्धता जताई।
- 04भारत ने नेपाल को संकट के समय में बिना किसी बाधा के ईंधन की आपूर्ति जारी रखी।
- 05दोनों देशों को स्टार्टअप, एआई, आईटी और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की आवश्यकता है।
Advertisement
In-Article Ad
भारत और नेपाल के विदेश मंत्रियों के बीच नई दिल्ली में हुई बैठक में दोनों देशों के संबंधों को एक नई दिशा देने की आवश्यकता पर चर्चा की गई। भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि यह समय है जब दोनों देश अपने संबंधों को एक ऐतिहासिक मोड़ दे सकते हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि भारत नेपाल के साथ तरक्की और समृद्धि के लिए प्रतिबद्ध है। जयशंकर ने नेपाल के साथ पारंपरिक 'रोटी-बेटी' संबंधों का जिक्र करते हुए कहा कि यह रिश्ता आपसी विश्वास और साझी विरासत पर आधारित है। नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने अपनी नई सरकार की ओर से भारत के साथ एक नए और सकारात्मक रिश्ते की शुरुआत करने की इच्छा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि नेपाल भारत के साथ अपने संबंधों को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। दोनों देशों को अब स्टार्टअप, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे आधुनिक क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की आवश्यकता है।
Advertisement
In-Article Ad
भारत और नेपाल के संबंधों में सुधार से दोनों देशों के नागरिकों के लिए आर्थिक और सामाजिक लाभ हो सकते हैं।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
आपको क्या लगता है, भारत-नेपाल संबंधों में सुधार के लिए सबसे महत्वपूर्ण क्षेत्र कौन सा है?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।





