संभल में शाही इमाम के मकान और मस्जिद मामले में फैसला सुरक्षित
Sambhal News: मस्जिद, मजार और शाही इमाम के मकान मामले में फैसला सुरक्षित

Image: Amar Ujala
संभल, उत्तर प्रदेश में शाही इमाम के मकान, मजार और मस्जिद के मामले में बहस पूरी हो चुकी है और फैसला सुरक्षित रखा गया है। डीएम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई के बाद, अब किसी भी शुक्रवार को निर्णय की उम्मीद है। तहसीलदार कोर्ट ने निर्माण को सरकारी जमीन पर अवैध बताया है और जुर्माना भी लगाया है।
- 01डीएम कोर्ट में सुनवाई के बाद फैसला सुरक्षित रखा गया है, जो किसी भी शुक्रवार को आ सकता है।
- 02शाही इमाम के अधिवक्ता ने निर्माण का हवाला देते हुए वक्फ बोर्ड में दर्ज होने का उल्लेख किया है।
- 03तहसीलदार कोर्ट ने कहा कि सभी निर्माण दो बीघा सरकारी जमीन पर कब्जा कर बनाए गए हैं।
- 04शाही इमाम और उनके भाई पर ₹7 करोड़ का जुर्माना लगाया गया था।
- 05इस मामले में डीएम कोर्ट में अपील की गई थी, जिसके आधार पर निर्णय लिया जाएगा।
Advertisement
In-Article Ad
संभल, उत्तर प्रदेश में शाही इमाम के मकान, मजार और मस्जिद के मामले में बहस पूरी हो गई है और अब फैसला सुरक्षित रखा गया है। डीएम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई के बाद, निर्णय किसी भी शुक्रवार को आ सकता है। शाही इमाम आफताब हुसैन वारसी और उनके भाई मेहताब हुसैन के अधिवक्ता ने वक्फ बोर्ड में दर्ज होने और आजादी से पहले के निर्माण का हवाला दिया है। तहसीलदार कोर्ट ने आदेश दिया था कि ये सभी निर्माण दो बीघा सरकारी जमीन पर अवैध रूप से बनाए गए हैं। इसके साथ ही, शाही इमाम और उनके भाई पर ₹7 करोड़ का जुर्माना भी लगाया गया था। इस फैसले के खिलाफ डीएम कोर्ट में अपील की गई थी, और अब इस मामले में अंतिम निर्णय का इंतजार है। यह मामला स्थानीय समुदाय के लिए महत्वपूर्ण है और इसके परिणामों का व्यापक प्रभाव हो सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
इस मामले का निर्णय स्थानीय समुदाय के धार्मिक स्थलों और संपत्ति के अधिकारों पर प्रभाव डाल सकता है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि धार्मिक स्थलों के निर्माण के मामले में न्यायिक निर्णय निष्पक्ष होना चाहिए?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।





