क्या पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ेंगी? पेट्रोलियम मंत्रालय ने दी स्पष्टता
क्या पेट्रोल-डीजल 25-28 रुपये महंगे होंगे? पेट्रोलियम मंत्रालय ने दूर किया कन्फ्यूज़न
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पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 25 से 28 रुपये प्रति लीटर तक बढ़ोतरी की अटकलों के बीच, भारत के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं है। वैश्विक कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण तेल विपणन कंपनियों पर दबाव है, लेकिन सरकार कीमतों को स्थिर रखने का प्रयास कर रही है।
- 01पेट्रोलियम मंत्रालय ने कीमतों में संभावित बढ़ोतरी की खबरों को खारिज किया।
- 02चुनाव के बाद कीमतों में बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।
- 03कच्चे तेल की कीमतें लगभग 120 डॉलर प्रति बैरल पर बनी हुई हैं।
- 04रिफाइनरी कंपनियों को हर महीने 7,000 करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा है।
- 05बढ़ोतरी चरणबद्ध तरीके से होने की संभावना है।
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पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 25 से 28 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की अटकलें बाजार में चर्चा का विषय बनी हुई थीं। हालांकि, भारत के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल ऐसी कोई योजना नहीं है। मंत्रालय ने कहा कि वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण घरेलू कीमतों और अंतरराष्ट्रीय लागत के बीच अंतर बढ़ रहा है, जिससे तेल विपणन कंपनियों पर दबाव बढ़ रहा है। कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने भविष्यवाणी की है कि चुनावों के बाद कीमतों में बढ़ोतरी हो सकती है। चुनाव 29 अप्रैल को समाप्त होंगे। वर्तमान में, कच्चे तेल की कीमतें लगभग 120 डॉलर प्रति बैरल पर हैं और रिफाइनरी कंपनियों को हर महीने 7,000 करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा है। मंत्रालय ने यह भी बताया कि कीमतों में बढ़ोतरी धीरे-धीरे की जा सकती है, जिससे महंगाई पर असर को नियंत्रित किया जा सकेगा।
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यदि कीमतें बढ़ती हैं, तो यह आम उपभोक्ताओं के लिए ईंधन की लागत को बढ़ा सकता है, जिससे महंगाई में इजाफा हो सकता है।
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