रीवा में प्राइवेट स्कूलों की अवैध वसूली का खुलासा करेगा Dainik Rewa News Media
अभिभावक हो जाएं तैयार: रीवा न्यूज़ मीडिया खोल रहा है प्राइवेट स्कूलों का कच्चा चिट्ठा, जानिये आपके बच्चे के स्कूल का 'कमीशन रेट'
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रीवा, मध्य प्रदेश में Dainik Rewa News Media एक विशेष सीरीज के माध्यम से प्राइवेट स्कूलों की अवैध वसूली का खुलासा करने जा रहा है। रिपोर्ट में स्कूलों द्वारा किताबों और यूनिफॉर्म पर निर्धारित कमीशन और अन्य शुल्कों का विवरण दिया जाएगा, जिससे अभिभावकों को जानकारी मिलेगी।
- 01रीवा के स्कूलों में किताबों और यूनिफॉर्म पर अवैध कमीशन वसूला जा रहा है।
- 02स्कूलों द्वारा हर साल री-एडमिशन और एनुअल चार्ज वसूला जा रहा है।
- 03कई स्कूलों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है।
- 04Dainik Rewa News Media स्कूलों के खिलाफ स्टिंग ऑपरेशन कर रहा है।
- 05अभिभावकों को अपनी शिकायतें साझा करने के लिए आमंत्रित किया गया है।
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रीवा, मध्य प्रदेश में शिक्षा के स्तर में गिरावट के साथ-साथ प्राइवेट स्कूलों में अवैध वसूली का मामला बढ़ता जा रहा है। Dainik Rewa News Media ने खुलासा किया है कि शहर के कई स्कूल किताबों और यूनिफॉर्म पर अनुचित कमीशन वसूल रहे हैं, जो बाजार में उपलब्ध कीमतों से ₹3,000 तक अधिक हैं। इन स्कूलों द्वारा हर साल री-एडमिशन और एनुअल चार्ज के नाम पर भी पैसे लिए जा रहे हैं, जबकि शिक्षा का अधिकार कानून (RTE) के तहत गरीब बच्चों को पढ़ाने का दावा किया जाता है। इसके अलावा, स्कूलों में सुरक्षा मानकों की कमी भी चिंता का विषय है। Dainik Rewa News Media ने चेतावनी दी है कि वे जल्द ही उन स्कूलों की सूची जारी करेंगे जिनके खिलाफ पुख्ता सबूत मिल चुके हैं।
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यह रिपोर्ट अभिभावकों को स्कूलों की अवैध वसूली के बारे में जागरूक करेगी और उन्हें अपने अधिकारों के प्रति सजग बनाएगी।
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