चंदौली में 220KV बिजली उपकेंद्र का स्थानांतरण, 120 गांवों को मिलेगी बिजली आपूर्ति में राहत
Chandauli News: अमड़ा में नहीं मिली जमीन... तो माधोपुर शिफ्ट हुआ 200 करोड़ का 220KV बिजली उपकेंद्र, 120 गांवों को मिलेगी लो-वोल्टेज से राहत
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चंदौली जिले के माधोपुर में 200 करोड़ रुपये की लागत से 220KV बिजली उपकेंद्र स्थापित किया जाएगा। यह परियोजना पहले अमड़ा में प्रस्तावित थी, लेकिन जमीन की कमी के कारण इसे स्थानांतरित किया गया। इससे 120 गांवों को लो-वोल्टेज से राहत मिलेगी और बिजली आपूर्ति में सुधार होगा।
- 01220KV बिजली उपकेंद्र की लागत लगभग 200 करोड़ रुपये है।
- 02यह परियोजना पहले अमड़ा में प्रस्तावित थी, लेकिन जमीन उपलब्ध नहीं होने के कारण इसे माधोपुर स्थानांतरित किया गया।
- 03उपकेंद्र से 120 गांवों को लाभ होगा, जिससे लो-वोल्टेज की समस्या समाप्त होगी।
- 04उपकेंद्र के निर्माण से कृषि, व्यापार और घरेलू उपभोक्ताओं को बेहतर बिजली मिलेगी।
- 05सर्वेक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण कार्य शुरू होगा।
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चंदौली जिले में बिजली व्यवस्था को सुधारने के लिए 220KV बिजली उपकेंद्र का निर्माण किया जाएगा, जिसकी लागत लगभग 200 करोड़ रुपये है। यह उपकेंद्र पहले अमड़ा में स्थापित होने वाला था, लेकिन वहां जमीन की कमी के कारण इसे माधोपुर में स्थानांतरित किया गया है। माधोपुर में उद्यान विभाग की भूमि पर उपकेंद्र का निर्माण किया जाएगा, जिससे 120 गांवों को लो-वोल्टेज से राहत मिलेगी। इससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति में सुधार होगा, जिससे कृषि, व्यापार और घरेलू उपभोक्ताओं को पर्याप्त बिजली मिलेगी। अधिकारियों ने कहा कि सर्वेक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण कार्य की दिशा में आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह परियोजना वर्षों से चली आ रही लो-वोल्टेज की समस्या को समाप्त करने में मदद करेगी।
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उपकेंद्र के निर्माण से क्षेत्र में बिजली आपूर्ति में सुधार होगा, जिससे स्थानीय विकास को बढ़ावा मिलेगा।
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