श्रद्धालुओं ने राजा परीक्षित की कथा सुनकर भक्ति में लीन हुए
Kushinagar News: राजा परीक्षित की कथा सुन भाव विभोर हुए श्रद्धालु
Amar Ujala
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धुनवलिया गांव, कुशीनगर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में कथावाचक पंडित राजेश शास्त्री ने राजा परीक्षित की कथा सुनाई। श्रद्धालु भाव विभोर होकर कथा का आनंद लेने लगे, जिससे कथा स्थल भक्ति रस में डूब गया।
- 01राजा परीक्षित की कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हुए।
- 02कथावाचक पंडित राजेश शास्त्री ने कथा का आयोजन किया।
- 03कथा में राजा परीक्षित के जीवन की महत्वपूर्ण घटनाओं का वर्णन किया गया।
- 04धार्मिक गीतों पर श्रद्धालुओं ने भक्ति में झूमते हुए भाग लिया।
- 05कथा में अनेक श्रद्धालु और संत मौजूद रहे।
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धुनवलिया गांव, कुशीनगर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में वृंदावन धाम से आए कथावाचक पंडित राजेश शास्त्री ने राजा परीक्षित की कथा सुनाई। कथा में राजा परीक्षित की वन यात्रा और शमीक ऋषि के साथ हुई घटना का वर्णन किया गया, जिसमें राजा ने क्रोध में आकर ऋषि के गले में मरा सांप डाल दिया। इसके परिणामस्वरूप राजा परीक्षित को शाप मिला कि तक्षक नामक सर्प उन्हें डसेगा। कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए और भक्ति रस में डूब गए। कथा स्थल पर धार्मिक गीतों पर श्रद्धालुओं ने जमकर झूमे। कथा में कई श्रद्धालु और संत उपस्थित रहे, जिन्होंने इस धार्मिक आयोजन का आनंद लिया।
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इस कथा से स्थानीय श्रद्धालुओं में धार्मिक भावना और भक्ति का संचार हुआ है।
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