रूहुल्ला मेहदी का योगी आदित्यनाथ पर तीखा हमला, कहा- लोकतांत्रिक संस्थाएं कमजोर हो गईं
Srinagar News: योगी के बयान पर भड़के रूहुल्ला, बोले-देश में सांविधानिक संस्थाएं हुईं कमजोर

Image: Amar Ujala
श्रीनगर के सांसद आगा रुहुल्ला मेहदी ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयानों की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि देश में संविधान और लोकतांत्रिक संस्थाएं कमजोर हो गई हैं, और इन्हें पुनः मजबूत करने की आवश्यकता है। मेहदी ने कानून के शासन और सभी धर्मों की सुरक्षा की बात की।
- 01आगा रुहुल्ला मेहदी ने कहा कि संविधान की कमजोरी के कारण संसद और लोकतंत्र कमजोर हो गए हैं।
- 02उन्होंने संसद, विधानसभाओं और न्यायपालिका की मूल भावना को बहाल करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
- 03मेहदी ने कहा कि कानून का शासन, स्वतंत्रता और समानता की सुरक्षा होनी चाहिए।
- 04योगी आदित्यनाथ के 'सड़क पर नमाज' वाले बयान पर मेहदी ने कहा कि शरिया कानून भी सड़कों पर नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं देता।
- 05उन्होंने मुस्लिमों के आंतरिक सुधार पर चर्चा की आवश्यकता बताई।
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श्रीनगर के सांसद आगा रुहुल्ला मेहदी ने हाल ही में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। कुलगाम में पत्रकारों से बातचीत करते हुए, मेहदी ने कहा कि देश में संविधान की कमजोरी के कारण संसद, लोकतंत्र और अन्य राष्ट्रीय संस्थाएं कमजोर हो गई हैं। उन्होंने इन संस्थाओं को फिर से मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया। मेहदी ने कहा कि देश की व्यवस्थाओं में भारी गिरावट आई है और संसद और लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई संसद के भीतर से ही लड़ी जानी चाहिए। उन्होंने कानून के शासन, स्वतंत्रता, समानता और सभी धर्मों की सुरक्षा की बात की। मेहदी ने योगी आदित्यनाथ के 'सड़क पर नमाज' वाले बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा कि शरिया कानून भी सड़कों पर नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं देता। उन्होंने इस मुद्दे को मुस्लिमों के आंतरिक सुधार का मामला बताया और इस पर चर्चा करने की आवश्यकता की।
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यह बयान देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्थिति पर चिंता को उजागर करता है, जो नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण है।
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