योगी सरकार की नई योजना: 7500 गोशालाओं में गोबर से बनेगी जैविक खाद
यूपी में 'गोबर' से बदलेगी गांवों की किस्मत, योगी सरकार 7500 गोशालाओं को बनाएगी खाद प्रोडक्शन सेंटर
Jagran
Image: Jagran
उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने 7500 गो-आश्रय स्थलों पर गोबर से जैविक खाद उत्पादन की योजना शुरू की है। यह योजना किसानों को सब्सिडी पर खाद उपलब्ध कराएगी और ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करेगी।
- 017500 गो-आश्रय स्थलों पर गोबर से जैविक खाद तैयार की जाएगी।
- 02किसानों को सब्सिडी पर जैविक खाद मिलेगी, जिससे उनकी लागत कम होगी।
- 03युवाओं और पशुपालकों के लिए स्वरोजगार के हजारों अवसर पैदा होंगे।
- 04सरकार ने गो-संरक्षण के लिए ₹2000 करोड़ का बजट रखा है।
- 05प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए गोबर का उपयोग किया जाएगा।
Advertisement
In-Article Ad
उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने प्रदेश के गोपालकों, किसानों और स्वयं सहायता समूहों के लिए एक नई योजना की घोषणा की है, जिसके तहत लगभग 7500 गो-आश्रय स्थलों पर गोबर से जैविक खाद का उत्पादन किया जाएगा। इस योजना का मुख्य उद्देश्य गो-वंश का संरक्षण करना और किसानों को सब्सिडी पर जैविक खाद उपलब्ध कराना है, जिससे उनकी लागत में कमी आएगी। यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके तहत तैयार खाद को 50 किलो के पैकेट में पैक किया जाएगा और कृषि विश्वविद्यालयों द्वारा टेस्टिंग के बाद बाजार में उतारा जाएगा। इस प्रक्रिया से ग्रामीण युवाओं और पशुपालकों के लिए स्वरोजगार के हजारों अवसर पैदा होंगे। सरकार ने गो-संरक्षण के लिए ₹2000 करोड़ और वृहद गो-संरक्षण केंद्रों के लिए ₹100 करोड़ का बजट रखा है। यह योजना न केवल खेती की लागत को कम करेगी, बल्कि 'गोबर से आमदनी' का एक नया मॉडल भी प्रस्तुत करेगी।
Advertisement
In-Article Ad
यह योजना किसानों को जैविक खाद उपलब्ध कराकर उनकी लागत को कम करेगी और ग्रामीण युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करेगी।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि गोबर से जैविक खाद उत्पादन योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।


-1778682526702.webp&w=1200&q=75)

