भारत का IMT हाईवे: चीन के CPEC का जवाब, 1300 किमी लंबा मार्ग बांग्लादेश को जोड़ेगा
चीन के CPEC को भारत का करारा जवाब, 5 देशों को कनेक्ट करेगा 1300 KM लंबा हाईवे, झुनझुना बजाएगा बांग्लादेश

Image: News 18 Hindi
भारत ने म्यांमार और थाईलैंड को जोड़ने के लिए 1300 किमी लंबे IMT हाईवे की योजना को तेजी से आगे बढ़ाने का निर्णय लिया है। यह परियोजना बांग्लादेश के साथ व्यापारिक संबंधों को मजबूत करेगी और पूर्वोत्तर भारत के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
- 01IMT हाईवे की लंबाई 1300 किमी है, जो मणिपुर के मोरेह से शुरू होकर थाईलैंड के माए सोट तक जाएगी।
- 02भारत ने म्यांमार में सड़क निर्माण के लिए 1,177 करोड़ रुपये का निवेश किया है।
- 032021 में म्यांमार में राजनीतिक अस्थिरता के कारण परियोजना में देरी हुई थी।
- 04नए म्यांमार राष्ट्रपति ने भारत के साथ इस हाईवे के काम को तेज करने का आश्वासन दिया है।
- 05यह हाईवे भारत के पूर्वोत्तर राज्यों के लिए व्यापार और कनेक्टिविटी को बढ़ावा देगा।
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भारत ने म्यांमार और थाईलैंड को जोड़ने के लिए IMT (इंडिया-म्यांमार-थाईलैंड) हाईवे की योजना को फिर से सक्रिय किया है, जो 1300 किमी लंबा होगा। यह हाईवे मणिपुर के मोरेह से शुरू होकर म्यांमार और फिर थाईलैंड के माए सोट तक जाएगा। यह परियोजना बांग्लादेश के साथ भारत के व्यापारिक संबंधों को मजबूत करने में मदद करेगी, खासकर पूर्वोत्तर भारत के लिए, जो चारों ओर से घिरा हुआ है। भारत ने इस हाईवे के निर्माण के लिए 2002 में योजना बनाई थी, लेकिन म्यांमार में राजनीतिक अस्थिरता के कारण इसमें देरी हुई। अब नए राष्ट्रपति के साथ बातचीत के बाद, इस परियोजना को 2027-28 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। यह हाईवे न केवल व्यापार को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र में कनेक्टिविटी को भी सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
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IMT हाईवे से पूर्वोत्तर भारत के राज्यों को बांग्लादेश और थाईलैंड के माध्यम से बेहतर व्यापारिक कनेक्टिविटी मिलेगी।
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