संविधान का असली हकदार आम आदमी: सीजेआई सूर्यकांत का महत्वपूर्ण संदेश
'आम आदमी ही है संविधान का असली हकदार'; सीजेआई ने याद दिलाया हर नागरिक का 'संवैधानिक अधिकार'

Image: Jagran
चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कहा है कि संविधान सभी नागरिकों का है, न कि केवल कुछ विशेषाधिकार प्राप्त लोगों का। उन्होंने यह बयान वरिष्ठ अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह की आत्मकथा के विमोचन समारोह में दिया, जिसमें उन्होंने नागरिकों के अधिकारों और उनके जीवन में कानूनों के प्रभाव के बीच की दूरी को कम करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
- 01सीजेआई ने कहा कि संविधान केवल न्यायाधीशों और वकीलों की संपत्ति नहीं है, बल्कि यह सभी नागरिकों का साझा घर है।
- 02उन्होंने यह भी कहा कि संविधान का असली हकदार हर नागरिक है, चाहे वह ग्रामीण हो, शहरी हो, गरीब हो या हाशिए पर रहने वाला हो।
- 03सीजेआई ने नागरिकों के अधिकारों और उनकी वास्तविक जिंदगी के बीच की दूरी को कम करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
- 04यह बयान वरिष्ठ अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह की आत्मकथा 'द कांस्टिट्यूशन इज माई होम' के विमोचन समारोह में दिया गया।
- 05सीजेआई ने कार्यक्रम में उपस्थित नहीं हो सके, लेकिन एक वीडियो संदेश के माध्यम से अपनी शुभकामनाएं भेजीं।
Advertisement
In-Article Ad
नई दिल्ली में चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि संविधान सभी नागरिकों का है, न कि केवल कुछ विशेषाधिकार प्राप्त लोगों का। यह बयान उन्होंने वरिष्ठ अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह की आत्मकथा 'द कांस्टिट्यूशन इज माई होम: कंवर्सेशंस ऑन ए लाइफ इन लॉ' के विमोचन समारोह में दिया। सीजेआई ने कहा कि संविधान वास्तव में हमारा साझा घर है और यह केवल न्यायाधीशों, वकीलों या राज्य के अधिकारियों की संपत्ति नहीं है। उन्होंने सभी नागरिकों, विशेषकर गरीबों और हाशिए पर रहने वालों के अधिकारों की बात की। सीजेआई ने यह भी बताया कि असली चुनौती कानूनों की कमी नहीं है, बल्कि नागरिकों के अधिकारों और उनकी वास्तविक जिंदगी के बीच की दूरी को कम करना है। उन्होंने यह संदेश दिया कि संविधान के वादों में विश्वास रखने वाले हर नागरिक का समान अधिकार है। इस कार्यक्रम में सीजेआई उपस्थित नहीं हो सके, लेकिन उन्होंने एक वीडियो क्लिप भेजकर पुस्तक विमोचन के लिए अपनी शुभकामनाएं दीं।
Advertisement
In-Article Ad
यह संदेश नागरिकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने और संविधान के प्रति विश्वास बढ़ाने में मदद करेगा।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि संविधान के प्रति जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता है?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।




