प्रशांत किशोर ने पटना से बिहटा में नए आश्रम में किया स्थानांतरण
शेखपुरा हाउस से आश्रम तक... जानिए कैसे बदला PK का ठिकाना

Image: Aaj Tak
जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने पटना में अपने आवास को छोड़कर बिहटा में बिहार नव निर्माण आश्रम में रहने का निर्णय लिया है। यह आश्रम पार्टी की सभी राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र बनेगा। किशोर का मानना है कि यह स्थानांतरण उनकी बिहार में परिवर्तन लाने की मुहिम को 2030 विधानसभा चुनाव तक जारी रखने का संकेत है।
- 01प्रशांत किशोर ने पटना से लगभग 40 किलोमीटर दूर बिहटा में एक आश्रम में स्थानांतरित किया है।
- 02बिहार नव निर्माण आश्रम का निर्माण 15 बीघा जमीन में हो रहा है और यह अगले 3-4 महीने में पूरा होने की उम्मीद है।
- 03आश्रम का उपयोग पार्टी की बैठकों, राजनीतिक चर्चाओं और कार्यकर्ताओं के साथ मुलाकात के लिए किया जाएगा।
- 042025 के बिहार विधानसभा चुनाव में शेखपुरा हाउस पार्टी के लिए महत्वपूर्ण था, लेकिन पार्टी ने सभी सीटों पर हार का सामना किया।
- 05किशोर ने स्पष्ट किया है कि वह 2030 विधानसभा चुनाव तक इसी आश्रम में रहेंगे और यहीं से पार्टी का संचालन करेंगे।
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जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने पटना में अपने आवास को छोड़कर बिहटा में बिहार नव निर्माण आश्रम में रहने का निर्णय लिया है। यह आश्रम पटना आईआईटी के बगल में स्थित है और इसका निर्माण 15 बीघा जमीन में हो रहा है। किशोर ने बताया कि यह आश्रम उनकी पार्टी के सभी राजनीतिक और संगठनात्मक गतिविधियों का केंद्र बनेगा। उन्होंने मंगलवार रात को अपने पुराने आवास को खाली करने की पुष्टि की। आश्रम का उपयोग पार्टी की बैठकों, राजनीतिक चर्चाओं और कार्यकर्ताओं के साथ मुलाकात के लिए किया जाएगा। 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में शेखपुरा हाउस महत्वपूर्ण था, लेकिन पार्टी ने सभी सीटों पर हार का सामना किया। प्रशांत किशोर ने यह भी कहा कि उनकी बिहार को बदलने की मुहिम 2030 विधानसभा चुनाव तक जारी रहेगी।
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प्रशांत किशोर का आश्रम में स्थानांतरण राजनीतिक गतिविधियों को एक नया केंद्र प्रदान करेगा, जिससे स्थानीय कार्यकर्ताओं को अधिक संगठित और सक्रिय होने का अवसर मिलेगा।
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