नमो भारत ट्रेनों में यात्रियों की संख्या में 10% की वृद्धि, 3 करोड़ राइडरशिप का मील का पत्थर पार
PM मोदी की अपील का असर: नमो भारत में 10% तक बढ़ी यात्रियों की संख्या, रिकॉर्ड 3 करोड़ के पार राइडरशिप

Image: Jagran
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के प्रभाव से दिल्ली और एनसीआर में 'नमो भारत' ट्रेनों में यात्रियों की संख्या में 8 से 10 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। अब दैनिक यात्री संख्या 1 लाख से अधिक हो गई है, और मई 2026 में राइडरशिप 3 करोड़ के पार पहुंच गई है।
- 01नमो भारत ट्रेनों में यात्रियों की संख्या में 8 से 10 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जो पहले 92-93 हजार थी।
- 02सप्ताहांत पर यात्रियों की संख्या 1.10 लाख तक पहुंच गई है।
- 03नमो भारत ने मई 2026 के पहले सप्ताह में 3 करोड़ यात्री फेरों का आंकड़ा पार किया।
- 04दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कारिडोर पर 8 अतिरिक्त फेरे शुरू किए गए हैं।
- 05यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए एनसीआरटीसी ने सुबह और शाम के व्यस्त समय में अतिरिक्त सेवाएं शुरू की हैं।
Advertisement
In-Article Ad
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का असर दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में 'नमो भारत' ट्रेनों की राइडरशिप में स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। हाल के आंकड़ों के अनुसार, यात्रियों की संख्या में 8 से 10 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जिससे दैनिक राइडरशिप 1 लाख के पार पहुंच गई है। सप्ताहांत पर यह संख्या 1.10 लाख तक पहुंच गई है। मई 2026 के पहले सप्ताह में नमो भारत ने 3 करोड़ यात्री फेरों का आंकड़ा पार किया, जो एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। यह वृद्धि गर्मियों में अत्याधुनिक वातानुकूलित ट्रेनों और समयबद्धता के कारण हो रही है। यात्रियों की बढ़ती मांग को देखते हुए, एनसीआरटीसी ने दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कारिडोर पर 8 अतिरिक्त फेरे शुरू किए हैं, जो सुबह और शाम के व्यस्त समय में चलाए जा रहे हैं। इस प्रकार, नमो भारत ने न केवल यात्रियों की संख्या में वृद्धि की है बल्कि सार्वजनिक परिवहन के प्रति लोगों की रुचि को भी बढ़ाया है।
Advertisement
In-Article Ad
यह वृद्धि सार्वजनिक परिवहन के प्रति लोगों की रुचि को बढ़ा रही है और ईंधन बचाने में मदद कर रही है।
Advertisement
In-Article Ad
Reader Poll
क्या आपको लगता है कि सार्वजनिक परिवहन का उपयोग बढ़ाना चाहिए?
Connecting to poll...
मूल लेख पढ़ें
पूरी कहानी के लिए मूल स्रोत पर जाएं।





