भारत से 8 हजार किमी दूर इस देश में चलती है 'सुपर लग्जरी INDIAN ट्रेन', 4 दिन में 4352 KM का सफर; किराया बस 12.10 लाख रुपये
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Australian Indian Pacific Train: भारत के विभिन्न हिस्सों में चल रही वंदे भारत ट्रेन अपनी हाई स्पीड और सुविधाओं के मामले में देश की शान बन चुकी है. अगर किसी को समय बचाना हो और वक्त से अपनी मंजिल पर पहुंचना हो तो वह वंदे भारत ट्रेन में ही टिकट बुक करवाना पसंद करता है. लेकिन देश के करीब 99 फीसदी लोगों को पता नहीं होगा कि भारत से करीब 8 हजार किमी एक देश में सुपर लग्जरी INDIAN ट्रेन चल रही है. यह ट्रेन 4 दिन में 4352 KM का सफर तय करती है. अगर इस ट्रेन की सुविधाओं के बारे में जान लेंगे तो वंदे भारत ट्रेनों को भी भूल जाएंगे. यह INDIAN ट्रेन इतनी मशहूर है कि उस देश में जाने वाला कोई भी विदेशी पर्यटक इसमें सफर किए बिना नहीं रह पाता. आखिर यह कौन-सी ट्रेन है, जो हजारों किमी दूर होने के बावजूद भारत का गौरव बढ़ा रही है. आइए आपको इस बारे में विस्तार से बताते हैं. सप्ताह में एक बार चलती है सुपर लग्जरी ट्रेन हम जिस सुपर लग्जरी INDIAN ट्रेन की बात कर रहे हैं, उसका पूरा नाम इंडियन पैसिफिक ट्रेन है. यह ऑस्ट्रेलिया की सबसे प्रसिद्ध लग्जरी पैसेंजर ट्रेनों में से एक है. यह ट्रेन सप्ताह में एक बार चलती है और सिडनी (प्रशांत महासागर के किनारे) को पर्थ (हिंद महासागर के किनारे) से जोड़ती है. इस दौरान यह कुल 4352 किलोमीटर का सफर तय करती है. इस सफर को तय करने में उसे 4 दिन 3 रात यानी करीब 80 घंटे लग जाते हैं. इस ट्रेन के रूट में ब्रोकन हिल, एडिलेड, कुक, रॉलिन्ना और कालगूर्ली जैसे स्टेशन भी आती हैं. यह ट्रेन नुलार्बर प्लेन के ऊपर से गुजरती है, जहां दुनिया का सबसे लंबा सीधा रेलवे ट्रैक (478 किमी) है. इस ट्रेन की एक खासियत ये भी है कि यह बीच-बीच में आने वाले शहरों में स्टॉप देकर सवारियों को भ्रमण भी करवाती है. इसके लिए स्टेशनों पर बसों का इंतजाम रहता है, जिसमें बैठकर पर्यटक उस शहर का शॉर्ट ट्रिप करके फिर से वापस ट्रेन में सवार हो जाते हैं. ट्रेन में बेड और शावर की भी मिलती है सुविधा यह एक एक्सपीरियेंशियल टूरिज्म ट्रेन है, जिसमें लग्जरी, आराम और सुविधाओं का जबरदस्त मिश्रण देखने को मिलता है. यह ट्रेन भारत में चलने वाली महाराज एक्सप्रेस की तरह आधुनिक सुविधाओं से लैस है, बल्कि कई मामलों में तो यह इससे भी आगे है. इस ट्रेन के केबिन में गोल्ड सर्विस (ट्विनसिंगल) और प्लेटिनम (प्रीमियम) की सुविधाएं मिलती हैं. ट्रेन के केबिन में सवारियों को आरामदायक बेड, शावर, टॉयलेट और लंबी चौड़ी शीशे की खिड़की मिलती है, जिससे वे बाहर का नजारा ले सकते हैं. इस ट्रेन में शानदार डाइनिंग हॉल है, जिसमें ऑस्ट्रेलिया का वेज-नॉन वेज भोजन, वाइन और ड्रिंक्स को एंज्वॉय करने का मौका मिलता है. रास्ते भर में ट्रेन के यात्रियों को जगह-जगह स्टॉपेज देकर ब्रोकन हिल में आर्ट गैलरी, एडिलेड में सिटी टूर, नुलार्बर में स्टारगेजिंग या सनराइज व्यू, ब्लू माउंटेंस, आउटबैक डेजर्ट देखने का मौका मिलता है. महज 12.10 लाख रुपये तक चुकाना पड़ता किराया इस ट्रेन का किराया फ्लेक्सिबल सिस्टम पर चलता है. यह मौसम, क्लास और बुकिंग टाइप (एडवांस, एवरीडे, फ्लेक्सिबल) पर निर्भर करता है. 2026 के लिए एक तरफ का गोल्ड प्रीमियम ट्विन एडवांस प्रति व्यक्ति किराया ऑस्ट्रेलियन डॉलर 3690 से 5590 तक हो सकता है. भारतीय रुपयों में बात करें तो यह किराया 2.03 लाख से लेकर 3.07 लाख रुपये तक बैठता है. वहीं इसके प्लेटिनम ट्विन केबिन का किराया 6490 से 10 हजार ऑस्ट्रेलियन डॉलर तक है. भारतीय रुपये में यह धनराशि 3.57 लाख रुपये से लेकर 5.50 लाख रुपये बैठती है. इस ट्रेन के स्पेशल सूट्स का किराया 10 हजार ऑस्ट्रेलियन डॉलर से 22 हजार डॉलर तक है. भारतीय रुपये में यह किराया 5.50 लाख रुपये से लेकर 12.10 लाख रुपये तक बन जाता है. इंडियन पैसिफिक ट्रेन नाम कैसे रखा गया? इस किराये में भोजन, ड्रिंक्स, बसों से घूमना सब शामिल हैं. अगर आप ऑस्ट्रेलिया में इस घूमने का प्लान कर रहे हों तो मार्च और सितंबर से नवंबर के महीनों को अवॉइड करें. इस दौरान ट्रेन में किराया हाई रहता है. अब आपको इस ट्रेन के नामकरण का दिलचस्प किस्सा बताते हैं. इस सुपर लग्जरी ट्रेन का नाम इंडियन पैसिफिक ट्रेन इसलिए रखा गया क्योंकि यह दो महासागरों को जोड़ती है. ऑस्ट्रेलिया के पश्चिम हिस्सा में बसा पर्थ शहर इंडियन ओशन के किनारे है, जबकि पूर्व में बसा सिडनी शहर पैसिफिक ओशन के किनारे. इसलिए दोनों महासागरों को मिलाने वाली इस ट्रेन का नाम इंडियन पैसिफिक ट्रेन रखा गया. पहले इस ट्रेन का नाम ट्रांसकॉन्टिनेंटल देने की योजना थी, लेकिन परिवहन मंत्रियों की बैठक में इसका नामकरण इंडियन पैसिफिक ट्रेन करने का फैसला लिया गया. इस ट्रेन का निर्माण 1969 में किया गया था और 1970 में यह ट्रेन पहली बार पटरियों पर दौड़ी.
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